ऋषभ पंत की जान बचाने वाले बस चालक सुशील कुमार और कंडक्टर परमजीत को हरियाणा रोडवेज ने किया सम्मानित
ऋषभ पंत को चोट तो काफी आई है लेकिन वो अभी खतरे से बाहर है।
अद्यतन - दिसम्बर 31, 2022 2:29 अपराह्न

30 दिसंबर को टीम इंडिया के स्टार खिलाड़ी ऋषभ पंत सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए। दिल्ली-देहरादून हाईवे में उनकी कार डिवाइडर से लड़ गई। हालांकि उन्होंने कार की खिड़की तोड़ अपनी जान बचाई। वो अपनी मां को सरप्राइस देना चाहते थे और इसी वजह से उन्होंने दिल्ली से देहरादून का सफर अकेले ही तय करने का फैसला किया।
रिपोर्ट्स की माने तो उनके दोस्तों ने भी मना किया था कि वो अकेले इतना लंबा सफर तय ना करें लेकिन ऋषभ पंत को भरोसा था कि वो आराम से दिल्ली से देहरादून पहुंच जाएंगे। 30 दिसंबर की सुबह उनके साथ यह हादसा हुआ। हालांकि ऋषभ पंत के लिए मसीहा बनकर आए हरियाणा रोडवेज के बस चालक सुशील कुमार और कंडक्टर परमजीत।
इन दोनों ने ऋषभ पंत को पहले तो कोई सुरक्षित जगह पर लाकर लिटाया और उसके बाद उन्हें बेडशीट से पूरी तरह से लपेट दिया। उन्होंने ऐसा इसलिए किया क्योंकि पंत के शरीर से काफी खून बह रहा था। इसके बाद सुशील ने एंबुलेंस बुलाई और ऋषभ पंत की मां को भी फोन करने की कोशिश की। अगर यह दोनों लोग सही समय पर वहां नहीं पहुंचे होते तो शायद चीजें और भी ज्यादा खराब हो जाती। इन दोनों के इस बेहतरीन काम की पूरी दुनिया में प्रशंसा की जा रही है।
हरियाणा रोडवेज ने सुशील कुमार और परमजीत को पुरस्कार दिया
#Haryana: ऋषभ पंत की जान बचाने वाले 'Haryana Roadways' के ड्राइवर और कंडक्टर को पुरस्कार दिया गया #HaryanaRoadways #RishabhPantCarAccident pic.twitter.com/HzboIujCrl
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बता दें, सबसे पहले तो ऋषभ पंत को रुड़की के पास एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। थोड़ा ठीक होने के बाद उन्हें मैक्स अस्पताल देहरादून में शिफ्ट कर दिया गया। ऋषभ पंत को चोट तो काफी आई है लेकिन वो अभी खतरे से बाहर है।
वहीं ऋषभ पंत की जान बचाने वाले बस चालक सुशील कुमार और कंडक्टर परमजीत को हरियाणा रोडवेज ने पुरस्कार दिया। तमाम लोग इन दोनों की जमकर प्रशंसा कर रहे हैं। क्रिकबज की रिपोर्ट के मुताबिक पंत को आगे के इलाज के लिए दिल्ली या मुंबई शिफ्ट किया जाएगा। वो अभी बेहतर स्थिति में है लेकिन उनको अभी पूरी फिटनेस में वापस आने के लिए काफी समय लगेगा।