रोहित शर्मा की वजह से मैं कई रातों तक सो नहीं पाता था: IPL के कप्तानों को लेकर गौतम गंभीर ने दिया बड़ा बयान
युवराज सिंह को लेकर गौतम गंभीर ने कहा कि वो भारत के सर्वश्रेष्ठ सफेद गेंद क्रिकेटर हैं।
अद्यतन - फरवरी 19, 2023 12:44 अपराह्न

इस समय भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में दूसरा टेस्ट मुकाबला खेला जा रहा है। इस शानदार बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी मुकाबले में भारत के पूर्व सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर स्टार स्पोर्ट्स के कमेंट्री पैनल का हिस्सा हैं। इसी के साथ गौतम गंभीर से मैच के दौरान उनके साथी कमेंटेटर ने कुछ शानदार सवाल पूछे जिसका पूर्व बल्लेबाज ने बेहतरीन तरीके से जवाब दिया।
गौतम गंभीर से यह सवाल पूछा गया कि जब आप IPL में कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान थे तब आप किन दो खिलाड़ियों को अपनी टीम में शामिल करना चाहते थे। गौतम गंभीर ने इस सवाल का काफी बेहतरीन तरीके से जवाब दिया।
गंभीर ने कहा कि, ‘यह काफी मुश्किल सवाल है लेकिन इसका जवाब काफी आसान है। अगर मैं किन्ही दो खिलाड़ियों को चुन सकता तो वो होते रोहित शर्मा और युवराज सिंह। इन दो खिलाड़ियों के अलावा मैं किसी और को नहीं चुनता। मैं यह नहीं कह रहा कि हमारी टीम और मजबूत हो जाती लेकिन अगर यह दो खिलाड़ी KKR में होते तो हम और ट्रॉफी अपने नाम कर सकते थे।
मैं और रोहित ओपन करते, तीसरे नंबर पर रॉबिन उथप्पा, चौथे नंबर पर सूर्यकुमार यादव, पांचवें नंबर पर युवराज सिंह, छह नंबर पर यूसुफ पठान और सातवें नंबर पर आंद्रे रसल बल्लेबाजी करते। आप सोच सकते हैं कि यह क्या शानदार टीम होती। हमनें युवराज सिंह को अपने खेमे में शामिल करने की काफी कोशिश की लेकिन ऐसा हो नहीं पाया।’
एकमात्र कप्तान जिसने मुझे रात भर सोने नहीं दिया वो थे रोहित शर्मा: गौतम गंभीर
गौतम गंभीर ने इसके बाद खुलासा किया कि इंडियन प्रीमियर लीग में उन्हें सिर्फ एक कप्तान से काफी डर लगता था जो थे रोहित शर्मा। रोहित शर्मा ने उनकी रातों की नींद उड़ा दी थी। युवराज सिंह को लेकर गंभीर ने कहा कि वो भारत के सर्वश्रेष्ठ सफेद गेंद क्रिकेटर हैं।
गंभीर ने आगे कहा कि, ‘एकमात्र कप्तान जिन्होंने मेरी रातों की नींद उड़ा दी थी वो थे रोहित शर्मा। मुझे किसी और के लिए योजना बनाने की जरूरत नहीं हुई और ना ही मैंने कभी किसी और के लिए ऐसा सोचा। सफेद गेंद क्रिकेट या लिमिटेड ओवर्स क्रिकेट के भारत के सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर युवराज सिंह हैं। सिर्फ इसलिए नहीं क्योंकि उन्होंने वर्ल्ड कप में प्लेयर ऑफ द सीरीज अवार्ड अपने नाम किया था लेकिन उनके पास काफी टैलेंट था और अच्छा प्रदर्शन करने की काबिलियत भी थी।’