एशेज सीरीज में ऑस्ट्रेलिया की अनुभवी गेंदबाजी बरपाएगी कहर, जोश हेजलवुड को है पूरा विश्वास

एशेज सीरीज में ऑस्ट्रेलिया की अनुभवी गेंदबाजी बरपाएगी कहर, जोश हेजलवुड को है पूरा विश्वास

हेजलवुड ने टीम के उम्रदराज गेंदबाजों को लेकर उठे सवालों को खारिज किया, बोले हम बेहतरीन फॉर्म में हैं और एशेज में जीत दोहराने को तैयार हैं

Josh Hazlewood (Image Credit - Twitter X)
Josh Hazlewood (Image Credit – Twitter X)

ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड ने एशेज सीरीज से पहले टीम के उम्रदराज गेंदबाजों को लेकर उठ रहे सवालों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। उनका कहना है कि अनुभव, उम्र से कहीं ज्यादा अहम होता है और मौजूदा गेंदबाजी समूह अपनी बेहतरीन लय में है।

हाल ही में घोषित ऑस्ट्रेलियाई एशेज टीम को इंग्लैंड के मीडिया ने मजाक में डैड्स आर्मी कहा, क्योंकि 15 खिलाड़ियों में से सिर्फ ऑलराउंडर कैमरन ग्रीन ही 30 साल से कम उम्र के हैं।

लेकिन 34 वर्षीय हेजलवुड का मानना है कि यह आलोचना बेबुनियाद है। उन्होंने कहा, मैं खुद को कई सालों में सबसे बेहतरीन स्थिति में महसूस कर रहा हूं। हमारा अनुभव हर फॉर्मेट में काम आता है। हमने इतने साल साथ खेलते हुए एक दूसरे के खेल को बखूबी समझ लिया है, जो मैदान पर बहुत मदद करता है।

अनुभवी गेंदबाजों के दम पर ऑस्ट्रेलिया एशेज में बढ़त बरकरार रखने को तैयार

इस सीरीज में ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत संभवत हेजलवुड, मिशेल स्टार्क और स्कॉट बोलैंड की तेज गेंदबाजी तिकड़ी से होगी। तीनों खिलाड़ी घरेलू मैचों के जरिए अपनी तैयारी पूरी करेंगे और फिर पहले टेस्ट के लिए पर्थ रवाना होंगे।

35 वर्षीय स्टार्क अपनी तेजी और स्विंग के लिए अब भी टीम के सबसे बड़े हथियार हैं। वहीं 36 साल के बोलैंड घरेलू परिस्थितियों में सटीक लाइन-लेंथ से लगातार असर डालते हैं।

कप्तान पैट कमिंस (32) शुरुआती टेस्ट नहीं खेलेंगे, लेकिन आगे की सीरीज में वापसी की उम्मीद है। ऑफ स्पिनर नाथन लायन, जो एशेज के दौरान 38 साल के हो जाएंगे, टीम के लिए अहम भूमिका निभाएंगे। वे जल्द ही ग्लेन मैक्ग्रा को पछाड़कर टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया के दूसरे सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बन सकते हैं।

लायन ने भी हेजलवुड की बात का समर्थन करते हुए कहा कि आधुनिक क्रिकेट में फिटनेस, साइंस और रिकवरी तरीकों ने करियर लंबा कर दिया है। उन्होंने कहा, अब खेल ज्यादा पेशेवर हो गया है। उम्र अब सिर्फ एक संख्या है, मुझे लगता है कि मेरा सर्वश्रेष्ठ क्रिकेट अभी बाकी है।

हेजलवुड ने माना कि आने वाले समय में नई पीढ़ी को जगह देनी ही होगी, लेकिन उनका मानना है कि यह समय अभी नहीं आया है। उन्होंने कहा, एक समय आएगा जब हमें आगे बढ़ना होगा, लेकिन अभी नहीं।

एशेज सीरीज का पहला टेस्ट 21 नवंबर से पर्थ में खेला जाएगा। ऑस्ट्रेलिया का लक्ष्य इंग्लैंड पर अपनी पकड़ बनाए रखना और 2017 से चली आ रही एशेज ट्रॉफी को एक बार फिर अपने पास रखना होगा।

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