IPL फ्रेंचाइजी और पैसों का दबाव: चोटिल होने के बावजूद खेलने को मजबूर हैं खिलाड़ी, CoE सूत्र का बड़ा खुलासा
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) के एक सूत्र ने खिलाड़ियों के चोट के बावजूद खेलने को लेकर बड़ी चिंता जताई है।
अद्यतन - अगस्त 11, 2026 4:48 अपराह्न

भारतीय क्रिकेट टीम इन दिनों खिलाड़ियों की चोटों से जूझ रही है। श्रीलंका के खिलाफ 15 अगस्त से शुरू होने वाली टेस्ट सीरीज से पहले कई अहम खिलाड़ी चोटिल हैं। इसी बीच सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) के एक सूत्र ने खिलाड़ियों के चोट के बावजूद खेलने को लेकर बड़ी चिंता जताई है।
CoE के सूत्र के मुताबिक, आईपीएल के दौरान फ्रेंचाइजी और आर्थिक दबाव की वजह से कई खिलाड़ी चोट के बावजूद मैदान पर उतरते हैं। इससे उनकी चोट और गंभीर हो सकती है। आईपीएल खत्म होने के बाद जब ऐसे खिलाड़ी CoE पहुंचते हैं, तो फिजियो और मेडिकल टीम के सामने उनकी रिकवरी बड़ी चुनौती बन जाती है।
सूत्र ने कहा कि लगातार क्रिकेट खेलने से शरीर पर काफी दबाव पड़ता है। खासकर उम्रदराज खिलाड़ियों में ओवरयूज और स्ट्रेस इंजरी की समस्या का अंदाजा लगाना मुश्किल होता है। इसका सीधा असर भारतीय टीम के चयन, कप्तानी और रणनीति पर पड़ता है।
कई बड़े खिलाड़ी चोटिल
भारत की चोटिल खिलाड़ियों की सूची लगातार बढ़ रही है। जसप्रीत बुमराह ( Jasprit Bumrah ) घुटने की चोट से पूरी तरह फिट नहीं हो पाए हैं और श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर रहेंगे। इसके अलावा हर्षित राणा, नितीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर और आकाश दीप भी चोट के कारण उपलब्ध नहीं हैं।
साई सुदर्शन को भी श्रीलंका में इंडिया ए के रेड-बॉल मुकाबलों के दौरान चोट लगी थी। आकाश दीप (Akashdeep) रणजी ट्रॉफी सेमीफाइनल के बाद से लोअर-बैक स्ट्रेस फ्रैक्चर से उबर रहे हैं।
BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने 9 अगस्त को बेंगलुरु स्थित CoE का दौरा किया और वहां चोट प्रबंधन की व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने CoE प्रमुख वीवीएस लक्ष्मण से भी मुलाकात की।
लक्ष्मण ने स्पष्ट किया कि CoE की भूमिका सिर्फ खिलाड़ियों की चोट ठीक करने तक सीमित नहीं है। यहां खिलाड़ियों की फिटनेस और चोटों की निगरानी भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
उन्होंने यह भी कहा कि चोटें खेल का हिस्सा हैं और किसी को दोषी ठहराने के बजाय खिलाड़ियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देना जरूरी है। भारतीय टीम के लिए अब सबसे बड़ी चुनौती खिलाड़ियों को फिट रखते हुए आने वाली सीरीज के लिए सही संयोजन तैयार करना है।
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