अजीत अगरकर बने रहेंगे चीफ सेलेक्टर या होगी विदाई? BCCI के साथ जल्द हो सकती है आर-पार की बैठक
एक मीडिया रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि बीसीसीआई और भारतीय क्रिकेट से जुड़े लोग चाहते हैं कि अजीत अगरकर अपने पद पर बने रहें।
अद्यतन - सितम्बर 2, 2026 4:37 अपराह्न

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) जल्द ही अजीत अगरकर के साथ एक अहम बैठक करने जा रहा है। इस बैठक में यह तय किया जाएगा कि क्या पूर्व तेज गेंदबाज सीनियर पुरुष चयन समिति के चेयरमैन बने रहेंगे या नहीं। अगरकर का शुरुआती कार्यकाल जून 2026 में खत्म होने वाला था, लेकिन बोर्ड ने उन्हें तीन महीने का एक्सटेंशन दिया था। उम्मीद थी कि पूर्व तेज गेंदबाज को एक और एक्सटेंशन मिलेगा, जिससे वे 2027 के वनडे वर्ल्ड कप के खत्म होने तक इस पद पर बने रहेंगे।
एक मीडिया रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि बीसीसीआई और भारतीय क्रिकेट से जुड़े लोग चाहते हैं कि अजीत अगरकर अपने पद पर बने रहें। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि बीसीसीआई अगरकर का कार्यकाल बढ़ाने को तैयार है, लेकिन इसके लिए उन्हें खुद भी सहमत होना होगा। आखिरी फैसला खुद अगरकर को ही लेना है।
अगरकर ने 4 जुलाई, 2023 को कार्यभार संभाला था
अगरकर ने 4 जुलाई, 2023 को कार्यभार संभाला था और भारतीय क्रिकेट को उसके सबसे सफल युगों में से एक में आगे बढ़ाया था। उनके नेतृत्व में भारत ने 2024 टी20 विश्व कप और 2025 आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी दोनों पर कब्जा किया। साथ ही साथ, समिति ने रविचंद्रन अश्विन के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से रिटायरमेंट के साथ-साथ रोहित शर्मा और विराट कोहली की रेड-बॉल और टी20आई रिटायरमेंट पर भी नजर रखीं।
आगरकर भीड़ को खुश करने वाले समझौते करने के बजाय साहसी और निर्णायक फैसले लेने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने टी20आई कप्तानी के लिए हार्दिक पांड्या के बजाय सूर्यकुमार यादव का मजबूती से समर्थन किया और व्हाइट-बॉल फॉर्मेट में नेतृत्व में हुए बदलावों को बखूबी संभाला।
घरेलू क्रिकेट पर नजर रखने के बजाय टीम के साथ लगातार ट्रेवल करने को लेकर आलोचनाओं के बावजूद, बोर्ड के अंदरूनी लोग उनकी क्लैरिटी, टीम से बाहर किए गए खिलाड़ियों के साथ सीधी बातचीत और चयन प्रक्रिया को बाहरी शोर-शराबे से दूर रखने की उनकी काबिलियत को महत्व देते हैं।