‘वैभव सूर्यवंशी अभी और इंतजार करना होगा’ न्यूजीलैंड T20 सीरीज से पहले पुजारा ने की बड़ी भविष्यवाणी
संजू सैमसन की खराब फॉर्म के बावजूद चेतेश्वर पुजारा ने उनका समर्थन करते हुए वैभव सूर्यवंशी को लेकर अपनी राय दी
अद्यतन - अक्टूबर 18, 2026 5:06 अपराह्न

भारत और न्यूजीलैंड के बीच 22 अक्टूबर 2026 से पांच मैचों की टी20 सीरीज खेली जाएगी। इस सीरीज के लिए भारतीय टीम का ऐलान हो चुका है, जिसमें श्रेयस अय्यर को कप्तान बनाया गया है। इस बीच पूर्व भारतीय बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी और विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन को लेकर बड़ा बयान दिया है।
पुजारा का मानना है कि न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में संजू सैमसन और वैभव सूर्यवंशी दोनों को एक साथ प्लेइंग इलेवन में शामिल करना मुश्किल होगा। ऐसे में युवा बल्लेबाज वैभव को अपने मौके का इंतजार करना पड़ सकता है।
संजू सैमसन को लेकर पुजारा ने जताया भरोसा
जियोस्टार से बातचीत के दौरान चेतेश्वर पुजारा ने संजू सैमसन की बल्लेबाजी का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि सैमसन टी20 क्रिकेट के शानदार खिलाड़ी हैं और एक अच्छी पारी खेलकर अपनी फॉर्म वापस हासिल कर सकते हैं।
पुजारा ने कहा, संजू सैमसन कभी फॉर्म से बाहर नहीं होते। टी20 क्रिकेट में उनकी फॉर्म ऊपर-नीचे होती रहती है। लेकिन एक अच्छी पारी उन्हें वापिस लय में ला सकती है। उन्होंने आगे कहा कि न्यूजीलैंड में संजू सैमसन या वैभव सूर्यवंशी में से कोई एक ही ओपनिंग कर सकता है। दोनों को एक साथ टीम में जगह मिलना मुश्किल है।
पुजारा के मुताबिक, न्यूजीलैंड की पिचों और परिस्थितियों को देखते हुए भारतीय टीम को प्लेइंग इलेवन में ज्यादा ऑलराउंडर्स की जरूरत होगी। संजू सैमसन और वैभव सूर्यवंशी दोनों ही टॉप ऑर्डर के बल्लेबाज हैं। ऐसे में दोनों को शामिल करने से टीम का संतुलन बिगड़ सकता है।
पुजारा का मानना है कि अनुभव और मैच जिताने की क्षमता के कारण सैमसन को ओपनिंग में प्राथमिकता मिल सकती है। हालांकि, पुजारा ने यह भी साफ किया कि वैभव सूर्यवंशी को भविष्य में मौके जरूर मिलेंगे।
उन्होंने कहा, अगर परिस्थितियों या किसी खिलाड़ी की फिटनेस के कारण जगह बनती है, तो वैभव को मौका मिल सकता है। लेकिन न्यूजीलैंड में संजू और वैभव दोनों एक साथ प्लेइंग इलेवन में नहीं खेल सकते।
बता दें कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच पहला टी20 मुकाबला 22 अक्टूबर को क्राइस्टचर्च में खेला जाएगा। पांच मैचों की इस सीरीज में भारतीय टीम के पास युवा खिलाड़ियों को आजमाने का मौका भी होगा।