चैंपियंस ट्रॉफी 2025 से ठीक पहले बांग्लादेशी क्रिकेटर पर लगा बड़ा आरोप, मैच फिक्सिंग के लिए आईसीसी ने लगाया 5 साल का बैन
बांग्लादेशी महिला टीम के खिलाड़ी शोहेली अख्तर पर फिक्सिंग के आरोप लगने के बाद 5 साल का प्रतिबंध लगा दिया गया है।
अद्यतन - फरवरी 11, 2025 10:47 अपराह्न

आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 की शुरुआत 19 फरवरी से हो रही है। तमाम लोग पिछले काफी समय से इस शानदार इवेंट का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। हालांकि चैंपियंस ट्रॉफी 2025 से पहले बांग्लादेश महिला क्रिकेट टीम से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। बता दें कि, आगामी टूर्नामेंट के लिए बांग्लादेश पुरुष टीम ने क्वालीफाई कर लिया है और उन्हें भी इस इवेंट में जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए देखा जा सकता है।
बांग्लादेशी महिला टीम की खिलाड़ी शोहेली अख्तर पर फिक्सिंग के आरोप लगने के बाद 5 साल का प्रतिबंध लगा दिया गया है। शोहेली अख्तर पर दक्षिण अफ्रीका में महिला टी20 विश्व कप 2023 के दौरान मैच फिक्सिंग का आरोप है। जिसके बाद जांच पड़ताल में 36 वर्षीय शोहेली ने आरोपों को स्वीकार किया।
शोहेली अख्तर की बात की जाए तो उन्होंने बांग्लादेश टीम की ओर से दो वनडे और 13 टी20 में कुल 11 विकेट लिए हैं। उन्होंने आखिरी बार बांग्लादेश के लिए 10 अक्टूबर को सिलहट इंटरनेशनल स्टेडियम में श्रीलंका के खिलाफ महिला एशिया कप 2022 में मैच खेला था।
शोहेली ने ICC के आर्टिकल (2.1.1), (2.1.3), (2.1.4), (2.4.4) और (2.4.7) का उल्लंघन किया है। जिसमें किसी भी तरह से मैच फिक्सिंग या साजिश करना और जानबूझकर खराब प्रदर्शन करना शामिल है। इसके अलावा रिश्वत या अन्य पुरस्कार की मांग करना, किसी भी अंतरराष्ट्रीय मैच के परिणाम, प्रगति, आचरण या किसी अन्य पहलू को अनुचित तरीके से प्रभावित करना शामिल है।
बांग्लादेशी महिला खिलाड़ी ने की मैच फिक्सिंग
बयान के मुताबिक, अख्तर ने बताया कि उनका कजन जो अपने फोन पर सट्टा लगाता है उसने उनसे बात करने को कहा है कि अगर वह हिट विकेट हो जाएंगी तो उसे 20 लाख बांग्लादेशी टका मिलेंगे। ये पैसा उनके कजन द्वारा लगाए गए सट्टे से आएगा। अख्तर ने उस खिलाड़ी से कहा कि उनका कजन 20 लाख से ज्यादा रकम भी दे सकता है बशर्ते अगर वह ऐसा करने को तैयार हो जाएं तो। अख्तर ने कहा था कि ये बात पूरी तरह से सीक्रेट रहेगी। अख्तर ने इसके बाद मैसेज डिलीट करने को कहा था जो उन्होंने कर भी दिया।”
आईसीसी के मुताबिक, जिस खिलाड़ी से अख्तर ने एप्रोच किया था उन्होंने बात को माना नहीं और प्रस्ताव ठुकरा दिया। उन्होंने इस मामले की जानकारी एसीयू को दे दी और इस संबंध में वोइस नोट के सबूत भी मुहैया कराए। एसीयू ने जब अख्तर से बात की तो उन्होंने अपना गुनाह कबूल कर लिया, लेकिन उन्होंने ये भी बताया कि उन्होंने ऐसा इसलिए किया था ताकि वह अपने कजन को बता सकें कि बांग्लादेशी टीम किसी भी तरह की मैच फिक्सिंग में शामिल नहीं है।
अख्तर ने एसीयू को बताया था कि उनके और उनके दोस्त के बीच ये चैलेंज हुआ था और इसी कारण उन्होंने ऐसा किया। उन्होंने इसके संबंध में स्क्रीनशॉट भी पेश किए। लेकिन जब इन स्क्रीनशॉट की जांच की गई तो पता चला कि ये नकली हैं।