कड़ी मेहनत के बजाय स्मार्ट वर्क पर सूर्यकुमार यादव ने दिया ज्यादा ध्यान इसलिए आज इस मुकाम पर पहुंच पाए
'2017-18 के सत्र के बाद मैं और मेरी पत्नी देविशा ने बैठकर यह फैसला लिया कि अब हमें स्मार्ट काम करना शुरू कर देना चाहिए': सूर्यकुमार यादव
अद्यतन - अक्टूबर 26, 2022 4:59 अपराह्न

जबसे सूर्यकुमार यादव ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया है तब से वो भारतीय टीम के मुख्य खिलाड़ियों में से एक बन गए हैं। उन्होंने अभी तक कई मुकाबलों में भारतीय टीम को अकेले अपने दम जीत दिलाई है। बता दें, उन्होंने अभी तक भारत की ओर से 35 अंतरराष्ट्रीय टी-20 मैच खेले हैं जिसमें उन्होंने 37.86 के औसत और 176.37 के स्ट्राइक रेट से 1060 रन बनाए हैं। इसमें 9 अर्धशतक और 1 शतक भी मौजूद है।
बता दें, इस समय के बेहतरीन बल्लेबाजों में सूर्यकुमार यादव का नाम गिना जाता है। वो इस समय ICC टी-20 बल्लेबाजी रैंकिंग में तीसरे स्थान पर हैं। यादव को मिस्टर 360° भी कहा जाता है क्योंकि वो मैदान के हर कोने में शॉट मारने का दम रखते हैं। अगर यादव का दिन है तो वो किसी भी गेंदबाज को नहीं छोड़ते हैं।
इस समय ऑस्ट्रेलिया में खेले जा रहे ICC टी-20 वर्ल्ड कप 2022 टूर्नामेंट में सूर्यकुमार यादव का अच्छा प्रदर्शन करना बेहद जरूरी है। वो इस समय टॉप फॉर्म में हैं और इसी फॉर्म को वो आगे भी जारी रखना चाहेंगे। सूर्यकुमार यादव ने बताया कि उन्हें भारतीय टीम में शामिल होने के लिए कितनी मुश्किलों का सामना करना पड़ा।
मेरी पत्नी देविशा ने मेरा खूब साथ दिया: सूर्यकुमार यादव
सूर्यकुमार यादव ने 2017-18 सत्र में अपनी पत्नी देविशा के साथ हुई बातचीत को याद किया। उन्होंने बताया कि दोनों लोग घंटों आपस में बात किया करते थे कि अब कड़ी मेहनत के बजाय स्मार्ट काम करने की जरूरत है।
सूर्यकुमार यादव ने ESPNक्रिकइंफो क्रिकेट मासिक में बताया कि, ‘2017-18 के सत्र के बाद मैं और मेरी पत्नी देविशा ने बैठकर यह फैसला लिया कि अब हमें स्मार्ट काम करना शुरू कर देना चाहिए। मैंने कड़ी मेहनत की और यहां तक पहुंचा, अब कुछ और करते हैं और उसका रिजल्ट देखते हैं।’
सूर्यकुमार यादव ने आगे कहा कि, ‘मैंने अभ्यास अलग तरीके से करना शुरू कर दिया। 2018 के बाद मुझे यह समझ आ गया था कि अब मुझे अपने खेल में काफी काम करना है। मैं ऑफ साइड की ओर ज्यादा बल्लेबाजी करना शुरू कर दिया। मैंने डाइटिंग भी शुरू कर दी। कुछ और भी चीजें थी जिस पर मैंने काफी काम किया और इसका रिजल्ट 2018 और 2019 के घरेलू सत्र में काफी सकारात्मक आया। 2020 में मेरा शरीर पूरी तरीके से काफी अलग हो गया था।’