भारतीय टीम के मुख्य कोच राहुल द्रविड़ और टी-20 कप्तान रोहित शर्मा को लेकर वेंकटेश अय्यर ने बताई अब यह राज की बात - क्रिकट्रैकर हिंदी

भारतीय टीम के मुख्य कोच राहुल द्रविड़ और टी-20 कप्तान रोहित शर्मा को लेकर वेंकटेश अय्यर ने बताई अब यह राज की बात

न्यूजीलैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज में वेंकटेश अय्यर को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने का मौका मिला।

Venkatesh Iyer. (Photo Source: BCCI)
Venkatesh Iyer. (Photo Source: BCCI)

न्यूजीलैंड के खिलाफ 3 मैचों की टी-20 सीरीज को लेकर भारतीय टीम में कई युवा खिलाड़ियों को खेलने का मौका दिया गया था। वहीं बतौर मुख्य कोच राहुल द्रविड़ के साथ टी-20 में नियमित कप्तान के तौर पर रोहित शर्मा की भी पहली सीरीज थी। इन दोनों ही दिग्गजों के साथ ड्रेसिंग रूम में साथ रहने वाले ऑलराउंडर खिलाड़ी वेंकटेश अय्यर ने बताया कि कैसे वहां का माहौल काफी शानदार था।

वेंकटेश अय्यर को न्यूजीलैंड के खिलाफ इस 3 मैचों की टी-20 सीरीज के सभी मैचों में खेलने का मौका मिला। जिसमें वह टीम में बतौर ऑलराउंडर की भूमिका में खेलते हुए दिखाई दिए। अय्यर को इंडियन प्रीमियर लीग 2021 के सीजन के दूसरे फेज में कोलकाता नाइट राइडर्स की तरफ से खेलते हुए शानदार प्रदर्शन का यह एक तरह से इनाम था। जिसमें उन्होंने 41.11 के औसत से 10 पारियों में 370 रन बनाए और कोलकाता की टीम को फाइनल तक पहुंचाने में अहम भूमिका अदा की थी।

अपनी पहली अंतरराष्ट्रीय सीरीज के अनुभव को को साझा करते हुए वेंकटेश अय्यर ने बताया कि किस तरह के कोच राहुल द्रविड़ और कप्तान रोहित शर्मा ने टीम में शामिल सभी युवाओं से बात करते हुए उनका आत्मविश्वास बढ़ाने का काम किया, जिससे ड्रेसिंग रूम का माहौल भी काफी शानदार देखने को मिला था।

रोहित और राहुल सर के बीच बेहतरीन तालमेल देखने को मिला

अय्यर ने टाइम्स ऑफ इंडिया से बातचीत करते हुए कहा कि, राहुल द्रविड़ सर इस खेल के महान खिलाड़ियों में से एक हैं। उन्हें काफी अच्छी तरह से पता है कि युवाओं को कैसे संभालना है। मुझे उनका काफी समर्थन मिला। वहीं इस दौरान जो सबसे अच्छी बात थी वह रोहित भाई और राहुल सर के बीच काफी अच्छा तालमेल जिससे ड्रेसिंग रूम का माहौल भी शानदार था।

राहुल सर और रोहित भाई ड्रेसिंग रूम का माहौल काफी बेहतर रखने के साथ सभी खिलाड़ियों का लगातार आत्मविश्वास बढ़ाने का काम करते थे। राहुल ने मुझे मेरे खेल को लेकर पूरी आजादी दी थी, जिससे मुझे काफी आत्मविश्वास भी मिला।

जब मुझे डेब्यू कैप दी गई तो उस समय रोहित भाई ने मुझसे कहा कि, जब मुझे यह मिली थी तो मुझसे कहा गया था कि मैदान में जाओ और खुद को साबित करने के साथ अपने खेल का भी आनंद लो। उन्होंने मेरा काफी समर्थन करने के साथ कई जरूरी टिप्स भी दी। रोहित भाई को यह काफी अच्छी तरह से पता है कि दबाव का किस तरह से सामना करना है।