दीप्ति शर्मा की जिंदगी से जुड़े 3 अनसुने किस्से, जिन्होंने बनाया उन्हें भारतीय क्रिकेट का स्टार ऑलराउंडर

दीप्ति शर्मा की जिंदगी से जुड़े 3 अनसुने किस्से, जिन्होंने बनाया उन्हें भारतीय क्रिकेट का स्टार ऑलराउंडर

स्टार ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा आज दुनिया की बेहतरीन खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं।

 Deepti Sharma (Image credit Twitter - X)
Deepti Sharma (Image credit Twitter – X)

भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा आज दुनिया की बेहतरीन खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं। अपनी शानदार बल्लेबाजी और सटीक ऑफ स्पिन गेंदबाजी के दम पर उन्होंने कई मौकों पर भारत को जीत दिलाई है। हालांकि, उनके रिकॉर्ड्स और उपलब्धियों के बारे में तो सभी जानते हैं, लेकिन उनके करियर से जुड़े कुछ ऐसे रोचक तथ्य भी हैं जिनसे बहुत कम लोग परिचित हैं।

1. भारत के लिए खेली ऐतिहासिक 188 रन की पारी

साल 2017 में आयरलैंड के खिलाफ महिला वनडे मैच में दीप्ति शर्मा ने एक ऐसी पारी खेली जिसने उन्हें रिकॉर्ड बुक में जगह दिला दी। उन्होंने 160 गेंदों में 188 रन बनाए, जो भारतीय महिला क्रिकेट इतिहास की सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारियों में से एक है।

अपनी इस यादगार पारी में दीप्ति ने 27 चौके और 2 छक्के लगाए। उनकी शानदार बल्लेबाजी की बदौलत भारत ने बड़ा स्कोर खड़ा किया। इस पारी ने साबित कर दिया कि दीप्ति सिर्फ एक गेंदबाज नहीं बल्कि टीम की भरोसेमंद बल्लेबाज भी हैं।

2. करियर की शुरुआत तेज गेंदबाज के रूप में की थी

आज दीप्ति अपनी ऑफ स्पिन गेंदबाजी के लिए मशहूर हैं, लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि उन्होंने क्रिकेट की शुरुआत एक तेज गेंदबाज के तौर पर की थी। बचपन में वह मीडियम पेस गेंदबाजी करती थीं और अपनी लंबाई का फायदा उठाकर अच्छी गति और उछाल पैदा करती थीं।

बाद में उनके कोचों ने महसूस किया कि उनकी तकनीक और गेंद पर नियंत्रण स्पिन गेंदबाजी के लिए ज्यादा उपयुक्त है। इसके बाद उन्होंने ऑफ स्पिन पर काम करना शुरू किया और धीरे-धीरे दुनिया की सबसे प्रभावी स्पिन ऑलराउंडरों में शामिल हो गईं।

3. एक संयोग ने बदल दी जिंदगी

दीप्ति शर्मा का क्रिकेट सफर भी बेहद दिलचस्प रहा है। वह अक्सर अपने बड़े भाई के साथ आगरा की एक क्रिकेट अकादमी जाया करती थीं। एक दिन उन्होंने मजाक-मजाक में गेंद फेंकी, जो सीधे स्टंप्स पर जाकर लगी।

उनकी इस प्रतिभा पर पूर्व भारतीय क्रिकेटर और चयनकर्ता हेमलता काला की नजर पड़ी। उन्होंने दीप्ति को क्रिकेट को गंभीरता से लेने की सलाह दी और शुरुआती दिनों में उनका मार्गदर्शन भी किया।

दीप्ति ने कई बार बताया है कि वह बचपन में सुरेश रैना की फील्डिंग और ऊर्जा से काफी प्रभावित थीं। यही वजह है कि आज वह बल्लेबाजी और गेंदबाजी के साथ-साथ शानदार फील्डिंग के लिए भी जानी जाती हैं।

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