2008 में यासिर अराफात को मिला था आईपीएल में खेलने का ऑफर, पाक खिलाड़ी ने सुनाया एक दिलचस्प किस्सा
यासिर अराफात 2009 में टी-20 विश्व कप जीत के दौरान पाकिस्तान टीम के अहम खिलाड़ी थे।
अद्यतन - Apr 25, 2022 8:50 pm

पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर यासिर अराफात ने हाल ही में एक इंटरव्यू में बताया कि इंडियन प्रीमियर लीग 2008 संस्करण में उन्हें कोलकाता नाइट राइडर्स की ओर से खेलने का प्रस्ताव मिला था। इसके साथ उन्होंने यह भी बताया कि उनको खुद टीम के मालिक शाहरुख़ खान ने टीम में शामिल होने के लिए कहा था।
बता दें कि, शोएब अख्तर, शाहिद अफरीदी, मोहम्मद आसिफ, कामरान अकमल, सोहेल तनवीर जैसें बड़े खिलाड़ियों ने आईपीएल के पहले संस्करण में इस लीग का हिस्सा बन पाए थे। पाकिस्तानी खिलाड़ी केवल 2008 संस्करण में इस लीग में हिस्सा लिए थे। बाद में 2008 में हुए मुंबई में हुए आतंकवादी हमलों के बाद दोनों देशों के बीच राजनीतिक तनाव के कारण इस लीग में पाकिस्तानी खिलाड़ियों को खेलने की अनुमति नहीं दी गई।
पहले मुझे यह सब कुछ मजाक लगा- यासिर अराफात
क्रिकेट डेन नाम के यूट्यूब चैनल से बातचीत करते हुए कहा कि, “पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने पहले संस्करण के लिए नामों का चयन किया था और दुर्भाग्य से, मेरा नाम नहीं था और नहीं खेल सका था। मैं 2008 में केंट के लिए काउंटी क्रिकेट खेल रहा था जहां केकेआर की स्काउटिंग टीम विशेष रूप से भारत से आई थी और वे मुझसे एक मैच के दौरान मिले थे।”
पाक क्रिकेटर ने आगे कहा कि, पहले मुझे लगा कि यह मजाक है क्योंकि शाहरुख खान जैसा बड़ा अभिनेता मुझे अपनी टीम में कैसे रख सकता है। उन्होंने मुझे अपना कार्ड दिया और मेरा मोबाइल नंबर मांगा।
अराफात ने आगे बताया कि, “कुछ सप्ताह बाद, मुझे एक ईमेल प्राप्त हुआ जिसमें उन्होंने कांटेक्ट न करने की शिकायत की और चर्चा स्थगित कर दी गई। उन्होंने मुझे फिर से तीन साल के कॉन्ट्रैक्ट की पेशकश की जहां शाहरुख ने खुद फोन किया और मेरा स्वागत किया। उन्होंने संयुक्त राज्य अमेरिका की यात्रा के दौरान लंदन में किसी के माध्यम से मेरा कॉन्ट्रैक्ट भी लिया। फिर मुंबई में धमाका हुआ और पाकिस्तानी खिलाड़ी फिर कभी प्रतियोगिता का हिस्सा नहीं बन पाए।”
2008 मुंबई ब्लास्ट के बाद से इंडियन प्रीमियर लीग में पाकिस्तानी खिलाड़ी को खेलने का मौका नहीं दिया गया। लेकिन पूर्व पाकिस्तानी ऑलराउंडर अजहर महमूद 2011 में विदेशी सिटीजनशिप ग्रहण करने के बाद पंजाब टीम के कोच बने। वहीं पूर्व पाकिस्तानी गेंदबाज वसीम अकरम ने भी कई सालों तक कोलकाता टीम के बॉलिंग कोच के तौर पर अपनी भूमिका निभाई।