टी-20 वर्ल्ड कप 2022: दिनेश कार्तिक के प्रदर्शन से नाखुश हैं वीरेंद्र सहवाग
यह पहले दिन से ही करना चाहिए था। दिनेश कार्तिक की जगह ऋषभ पंत को प्लेइंग XI में शामिल किया जाना चाहिए था: वीरेंद्र सहवाग
अद्यतन - अक्टूबर 31, 2022 1:16 अपराह्न

30 अक्टूबर को पर्थ में दक्षिण अफ्रीका ने भारत को 5 विकेट से मात दी। बता दें, यह भारतीय टीम की ICC टी-20 वर्ल्ड कप 2022 के ग्रुप 12 स्टेज में पहली हार है। इससे पहले उन्होंने पाकिस्तान और नीदरलैंड को मात दी थी।
मुकाबले की बात की जाए तो भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए सूर्यकुमार यादव के 40 गेंदों में 68 रन की शानदार पारी की वजह से 20 ओवर में 9 विकेट खोकर 133 रन बनाए। यादव ने अपनी इस पारी में 6 चौके और 3 छक्के जड़े। दक्षिण अफ्रीका की ओर से लुंगी एन्गिडी ने 4 ओवर में 29 रन देकर 4 विकेट झटके। उनके अलावा वेन पार्नेल ने 4 ओवर में 15 रन देकर 3 विकेट अपने नाम किए।
जवाब में दक्षिण अफ्रीका ने 134 रन के लक्ष्य को 5 विकेट और 2 गेंदें रहते बना लिया। टीम की ओर से विस्फोटक बल्लेबाज डेविड मिलर ने 46 गेंदों में चार चौके और तीन छक्कों की मदद से 59* रन की शानदार मैच जिताऊ पारी खेली। उनके अलावा एडेन मार्कराम ने 41 गेंदों में 6 चौके और 1 छक्के की मदद से 52 रन बनाए।
इस मैच में भारत के विकेटकीपर बल्लेबाज दिनेश कार्तिक का बल्ला एक बार फिर से खामोश रहा। उन्होंने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 15 गेंदों में मात्र 6 रन बनाए। बता दें, पाकिस्तान के खिलाफ भी वो मात्र 1 रन बनाकर पवेलियन लौट गए थे। नीदरलैंड के खिलाफ भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज ने बल्लेबाजी नहीं की थी। कार्तिक के इस फॉर्म को लेकर वीरेंद्र सहवाग ने अपना पक्ष रखा है। पूर्व भारतीय क्रिकेटर कार्तिक की बल्लेबाजी तकनीक से खुश नहीं है।
ये कोई बैंगलोर का विकेट नहीं है: वीरेंद्र सहवाग
वीरेंद्र सहवाग ने क्रिकबज में कहा कि, ‘यह पहले दिन से ही करना चाहिए था। दिनेश कार्तिक की जगह ऋषभ पंत को प्लेइंग XI में शामिल किया जाना चाहिए था। ऋषभ पंत ने ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट और वनडे खेले हैं और उन्हें पता है कि इन परिस्थितियों में कैसा प्रदर्शन करना चाहिए।
दिनेश कार्तिक ने ऑस्ट्रेलिया में आखिरी बार कब खेला था, आखिरी बार उन्होंने उछाल वाली पिचों में कब खेला था? ये कोई बैंगलोर का विकेट नहीं है। मैंने यह बात आज भी कही थी कि पंत को हुड्डा की जगह खिलाना चाहिए था क्योंकि उनके पास यहां खेलने का काफी अनुभव है। गाबा में उनकी पारी अभी भी सभी को याद है।’