क्या हार्दिक पंड्या मुंबई इंडियंस की बजाय गुजरात टाइटंस में बड़ा नाम बना सकते थे
गुजरात टाइटंस को खिताबी सफलता दिलाने वाले हार्दिक ने मुंबई इंडियंस में वापसी कर नई चुनौती स्वीकार की, लेकिन बढ़ती उम्मीदों और दबाव ने उनके करियर की दिशा बदल दी
अद्यतन - नवम्बर 6, 2025 11:43 अपराह्न

भारतीय क्रिकेट के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या ने अपने करियर में कई उतार चढ़ाव देखे हैं। उन्होंने इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) की शुरुआत मुंबई इंडियंस (MI) से साल 2015 में की थी, जब टीम ने उन्हें मात्र 10 लाख रुपये के बेस प्राइस पर खरीदा था।
मुंबई के साथ उन्होंने 2015 से 2021 तक शानदार प्रदर्शन किया और चार बार (2015, 2017, 2019, 2020) IPL खिताब जीता। इन्हीं वर्षों में उन्होंने भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में जगह बनाई और अपनी पहचान एक विश्वस्तरीय ऑलराउंडर के रूप में स्थापित की।
गुजरात में हार्दिक को मिली आजादी, मुंबई में झेलना पड़ा दबाव
2022 के मेगा ऑक्शन से पहले हार्दिक ने सबको चौंकाते हुए मुंबई को छोड़ दिया और नई टीम गुजरात टाइटंस (GT) से 15 करोड़ रुपये में जुड़े। यह फैसला उनके करियर का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ।
कप्तान बनने के बाद हार्दिक ने पहले ही सीजन में गुजरात को खिताब जिताया और अपने शांत नेतृत्व, रणनीति और ऑलराउंड प्रदर्शन से सबका दिल जीता। अगले सीजन में उन्होंने टीम को फिर फाइनल तक पहुँचाया, जहाँ गुजरात को चेन्नई सुपर किंग्स से आखिरी गेंद पर हार का सामना करना पड़ा।
लेकिन 2024 से पहले हार्दिक ने फिर एक बड़ा फैसला लिया वह वापस मुंबई इंडियंस लौट आए और रोहित शर्मा की जगह कप्तान बने। यह कदम विवादों में घिर गया। फैन्स ने सोशल मीडिया पर नाराजगी जताई, और मैदान पर भी हार्दिक को हूटिंग का सामना करना पड़ा। मुंबई का प्रदर्शन भी निराशाजनक रहा और टीम आखिरी स्थान पर रही।
हालाँकि, 2024 टी20 वर्ल्ड कप में हार्दिक ने अपने शानदार प्रदर्शन से आलोचकों को चुप कराया और भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई। इसके बाद भी जब रोहित शर्मा ने टी20 से संन्यास लिया, तो कप्तानी सूर्यकुमार यादव को सौंप दी गई।
अब सवाल उठता है अगर हार्दिक गुजरात टाइटंस के साथ ही रहते, तो क्या वे और बड़ा नाम बना सकते थे? संभवतः हाँ। गुजरात में उन्हें आज़ादी और समर्थन दोनों मिला था,
वहीं मुंबई में उन्हें इतिहास और उम्मीदों का भारी दबाव झेलना पड़ा। फिर भी, हार्दिक का आत्मविश्वास बरकरार है और 2026 में वह मुंबई को खिताब दिलाकर खुद को फिर से साबित करने के लिए तैयार हैं।