“भारत के बेहतरीन गेंदबाजों में से एक”: मोहम्मद शमी के टेस्ट संन्यास पर बोले पूर्व क्रिकेटर मदन लाल
शमी के संन्यास पर मदन लाल ने जताई निराशा।
अद्यतन - नवम्बर 7, 2026 8:37 अपराह्न

भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से दूरी बनाने का फैसला किया है। लंबे समय से भारतीय टेस्ट टीम में मौका नहीं मिलने के बाद उन्होंने यह कदम उठाया। हालांकि, वह घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे थे। उनके इस फैसले के बाद पूर्व भारतीय क्रिकेटर मदन लाल ने उनकी जमकर तारीफ की है।
मदन लाल के मुताबिक, शमी का टेस्ट करियर काफी शानदार रहा है और उन्होंने कई मौकों पर भारतीय टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि शमी को कम से कम एक साल और टेस्ट क्रिकेट खेलने का मौका मिलना चाहिए था।
मदन लाल ने बताया कि शमी पिछले दो से तीन महीनों से टेस्ट टीम में वापसी की उम्मीद कर रहे थे, लेकिन चयनकर्ताओं ने उन्हें मौका नहीं दिया। ऐसे में उन्होंने क्रिकेट के इस लंबे प्रारूप को अलविदा कहने का फैसला किया।
शमी के टेस्ट करियर की मदन लाल ने की तारीफ
मदन लाल ने शमी के आंकड़ों का जिक्र करते हुए कहा कि किसी तेज गेंदबाज का 67 टेस्ट मैच खेलना और 229 विकेट हासिल करना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने माना कि शमी का करियर बेहद शानदार रहा है और वह भारत के लिए कई मैच जिताने वाले गेंदबाज रहे हैं।
मदन लाल ने यह भी कहा कि शमी रणजी ट्रॉफी में अच्छा प्रदर्शन कर रहे थे और लगातार विकेट हासिल कर रहे थे। ऐसे में उन्हें एक और मौका मिलना चाहिए था। अगर उनका प्रदर्शन अच्छा रहता, तो टीम को उन्हें आगे भी मौका देना चाहिए था।
मोहम्मद शमी ने अपना आखिरी टेस्ट मैच साल 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में खेला था। इसके बाद से वह टेस्ट टीम में वापसी नहीं कर सके।
मदन लाल ने अंत में कहा कि शमी का संन्यास लेना उनका निजी फैसला है और इसका सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने एक बार फिर शमी को भारत के अब तक के सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजों में से एक बताया।