BGT 2024-25: नाथन मैकस्वीनी को टीम से बाहर किए जाने पर ऑस्ट्रेलियाई खेमे में तकरार!
मैकस्वीनी को पहले तीन मैचों में खराब प्रदर्शन के कारण बाहर कर दिया गया है।
अद्यतन - Dec 21, 2024 2:28 pm

ऑस्ट्रेलिया ने बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के बाकी दो मुकाबलों के लिए अपनी टीम की घोषणा की है। इसमें नाथन मैकस्वीनी का नाम शामिल नहीं है। उन्हें पहले तीन मैचों में खराब प्रदर्शन के कारण बाहर कर दिया गया है। मैकस्वीनी ने इस सीरीज से अपने इंटरनेशनल करियर की शुरुआत की थी, लेकिन इस तरह बाहर किए जाने के बाद चयनकर्ताओं पर सवाल उठने लगे हैं।
वहीं इस पर मैकस्वीनी ने भी प्रतिक्रिया दी और चैनल 7 पर कहा कि मुझे लगा कि मेरा सपना पूरा हो गया, लेकिन ये उस तरह से काम नहीं किया, जिसकी मैंने उम्मीद की थी। ये सब आपके जीवन का हिस्सा है और मैं फिर से नेट्स में जाकर काम करूंगा। ताकि मैं फिर से टीम में वापसी कर सकूं। ये खेल है, अगर आप अवसर का लाभ नहीं उठाएंगे, अच्छा परफॉर्म नहीं करेंगे, तो टीम में आपकी जगह पक्की नहीं होगी।
हालांकि, नाथन मैकस्वीनी के ऑस्ट्रेलियन टीम से बाहर किए जाने पर ऑस्ट्रेलियाई दिग्गजों में मतभेद सामने आएं हैं। माइकल हसी कुछ और कह रहे हैं, तो माइकल क्लार्क का मानना है कि उन्हें समान अवसर नहीं मिला।
मैकस्वीनी के बाहर होने पर क्या कहा ऑस्ट्रेलियाई दिग्गजों ने
अब ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज माइकल हसी ने मैकस्वीनी के बाहर होने पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा मुझे नहीं पता (कि यह सही फैसला था या नहीं) यह उनके लिए काफी मुश्किल है। यह आसान नहीं है। ओपनर्स के लिए गेंद काफी मूव हो रही है। टॉप ऑर्डर के कई बल्लेबाज संघर्ष कर रहे हैं। दूसरी तरफ नजर डालें तो यह सैम कोंटास जैसे खिलाड़ी के लिए रोमाचंक है।
हालांकि, माइकल क्लार्क ने सेलेक्शन की आलोचना की। उनका मानना है कि मैकस्वीनी को समान अवसर नहीं मिला। उन्होंने कहा, इससे नाथन मैकस्वीनी का करियर खत्म हो सकता है। उन्होंने उसे चुना, वह समर में खेलने का हकदार था। अगर उस्मान ख्वाजा दो टेस्ट में रिटायर हो जाते हैं तो क्या होगा? क्या मैकस्वीनी वापस आएंगे? या फिर वह पीछे कतार में रहेंगे?
वहीं ऑस्ट्रेलिया के पूर्व विकेटकीपर एडम गिलक्रिस्ट का मानना है कि एडिलेड स्ट्राइकर्स के खिलाफ बीबीएल मैच में कोंटास के खेल ने उन्हें टेस्ट टीम में शामिल होने के लिए मजबूर कर दिया। उन्होंने फॉक्स क्रिकेट पर कहा, यह वह पारी है जिसने उन्हें जीत दिलाई। उनकी आक्रामकता, रन बनाने की इच्छा- यह सब ऑस्ट्रेलियाई टॉप ऑर्डर के लिए बहुत चुनौतीपूर्ण रहा है। और मुझे लगता है कि वह इसका सामना करने के लिए तैयार हैं।