पाकिस्तान दौरा रद्द करने के पहले हुए घटनाक्रम के बारे में कीवी कप्तान टॉम लैथम ने किया खुलासा - क्रिकट्रैकर हिंदी

पाकिस्तान दौरा रद्द करने के पहले हुए घटनाक्रम के बारे में कीवी कप्तान टॉम लैथम ने किया खुलासा

टॉस से कुछ देर पहले न्यूजीलैंड टीम ने सुरक्षा कारणों की वजह से रद्द किया था ये दौरा।

Tom Latham. (Photo by JEREMY NG/AFP via Getty Images)
Tom Latham. (Photo by JEREMY NG/AFP via Getty Images)

न्यूजीलैंड के कप्तान टॉम लैथम ने कहा है कि पाकिस्तान दौरा रद्द करके उनकी टीम ने एक ऐतिहासिक क्षण का हिस्सा बनने का मौका गंवा दिया है और साथ ही उन्होंने ये भी कहा है कि यह फैसला खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर किया गया था। 17 सितंबर को रावलपिंडी स्टेडियम में सीरीज का पहला वनडे मैच खेला जाना था लेकिन मैच से कुछ देर पहले कीवी टीम ने सुरक्षा का हवाला देते हुए इस दौरे से अपने कदम पीछे कर लिए।

टॉम लैथम को पाकिस्तान सीरीज के लिए कप्तान बनाया गया था, जहां टीम को तीन वनडे और पांच टी-20 मैच खेलने थे। कीवी टीम 2003 के बाद पहली बार पाकिस्तान के दौरे पर गई थी और ये दोनों टीमों के लिए ऐतिहासिक लम्हा होने वाला था। इसको लेकर टॉम लैथम ने न्यूजीलैंड के मीडिया चैनल से बातचीत की।

ईएसपीएन क्रिकइंफो के मुताबिक लैथम ने न्यूजीलैंड के मीडिया को बताया कि “जब टीम वहां मौजूद थी तब यह न्यूजीलैंड क्रिकेट के लिए एक ऐतिहासिक क्षण था । लेकिन जाहिर है चीजें बदल गई। न्यूजीलैंड क्रिकेट ने पाकिस्तान में मौजूद लोगों के साथ संपर्क कर तेजी से कार्रवाई की। हमारे इस फैसले के बाद भी पाकिस्तानी अधिकारियों का व्यवहार शानदार था। उन्होंने हमें होटल में सुरक्षित रखा और हमें निश्चित रूप से उन्हें धन्यवाद देना चाहिए।”

पूरे घटनाक्रम को लेकर टॉम लैथम ने क्या कहा ?

टॉम लैथम ने 17 तारीख के पूरे घटनाक्रम की जानकारी देते हुए कहा कि, यह खेल के सामान्य दिन की तरह था। हमें दोपहर 12.30 बजे मैच के लिए निकलना था लेकिन हमारे व्हाट्सएप ग्रुप पर एक मैसेज आया कि हम 12 बजे टीम की बैठक करेंगे। हर कोई सोच रहा था कि क्या हो रहा है और फिर हमें खबर मिली कि हम वापस घर जा रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि “हमारे लिए उसके बाद के 24 घंटे घटनाओं से भरे रहे लेकिन न्यूजीलैंड क्रिकेट बोर्ड और खिलाड़ी संघ , पाकिस्तान में मौजूद हर किसी के लिए खिलाड़ियों की सुरक्षा सर्वोपरि थी। उन्होंने हमें 24 घंटे के अंदर दुबई पहुंचाकर शानदार काम किया।”