बाबर आजम और मोहम्मद रिजवान का उठा पाकिस्तानी कोच से भरोसा, PCB के सामने रखी खास डिमांड - क्रिकट्रैकर हिंदी

बाबर आजम और मोहम्मद रिजवान का उठा पाकिस्तानी कोच से भरोसा, PCB के सामने रखी खास डिमांड

साल 2021 में पाकिस्तान क्रिकेट टीम ने बेहतरीन प्रदर्शन किया था।

Ramiz Raja. (Photo by ARIF ALI/AFP via Getty Images)
Ramiz Raja. (Photo by ARIF ALI/AFP via Getty Images)

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) पहले ही अपने राष्ट्रीय क्रिकेट टीम के लिए पावर हिटिंग बल्लेबाजी कोच के पद के लिए विज्ञापन दे चुका है। बोर्ड लाहौर में हाई-परफॉर्मेंस सेंटर में पांच अन्य कोचिंग पदों की भी तलाश कर रहा है और इसके लिए आवेदन भी आमंत्रित किए हैं। हालांकि, हाल के घटनाक्रम के अनुसार, पाकिस्तान के कप्तान बाबर आजम और विकेटकीपर-बल्लेबाज मोहम्मद रिजवान ने प्रबंधन में विदेशी कोचों को शामिल करने का सुझाव दिया है।

पीसीबी चेयरमैन रमीज राजा ‘न्यू ईयर ग्रीटिंग’ वीडियो में बात करते हुए इसकी जानकारी दी है। राजा ने कहा कि, बाबर, रिजवान और फिर सकलेन के साथ चर्चा के दौरान इन सभी ने कहा कि राष्ट्रीय टीम के ड्रेसिंग रूम में विदेशी कोच को लाना बेहतर होगा।

विदेशी कोच की जरूरत सिर्फ ड्रेसिंग रूम का माहौल ठीक रखने के लिए होती है- रमीज राजा

Cricket Pakistan के हवाले से रमीज राजा ने कहा कि, “मैंने बाबर, सकलैन और रिजवान से कोच को लेकर बात की थी। यह तीनों टीम के ड्रेसिंग रूम में विदेशी कोच चाहते हैं। लेकिन इस मामले में मेरा नजरिया थोड़ा अलग है। मेरा मानना है कि विदेशी दौरों पर टीम के साथ लोकल कोच जरूर जाना चाहिए। आपको विदेशी कोच की जरूरत सिर्फ ड्रेसिंग रूम का माहौल ठीक रखने के लिए होती है।

पीसीबी चेयरमैन ने पाकिस्तान टीम के हालिया प्रदर्शन को लेकर भी बात की। उन्होंने कहा कि बांग्लादेश और वेस्टइंडीज सीरीज के दौरान हमारी कोशिश थी कि जरूरत से ज्यादा तकनीकी कोच को टीम के साथ ना जोड़ा जाए। राजा ने कहा कि हम यह देखना चाहते थे कि खिलाड़ी अपने दम पर कैसे मुश्किल परिस्थितियों से लड़ सकते हैं। जब तक बिना किसी सहारे के आप मुश्किल हालात से नहीं निपट सकते हैं, तब तक आप महानता का अंदाजा नहीं लगा सकते हैं।

बता दें कि इससे पहले, पीसीबी ने पाकिस्तान टीम के लिए अलग-अलग पांच कोच के लिए विज्ञापन जारी किया था। हाई परफॉर्मेंस कोच के लिए वही कोच अप्लाई कर पाएगा, जिसके पास बीते एक दशक में 5 साल का कोचिंग का अनुभव हो। साथ ही वो बड़े खिलाड़ी, राष्ट्रीय या अंतरराष्ट्रीय टीम के साथ भी काम कर चुका हो।