बांग्लादेश टेस्ट सीरीज में फ्लॉप रहे विराट कोहली के करियर पर लगा बड़ा दाग
विराट कोहली ने आखिरी अर्धशतकीय पारी इस साल की शुरुआत में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ केपटाउन टेस्ट की पहली पारी में खेली थी।
अद्यतन - दिसम्बर 25, 2022 9:03 पूर्वाह्न

भारत के बल्लेबाजी सुपरस्टार विराट कोहली ने खराब दौर से गुजरने के बाद इस साल एक छोटा ब्रेक लिया था, जिसके बाद उन्होंने एशिया कप 2022 में दमदार वापसी की और फिर अपने इसी शानदार फॉर्म को बांग्लादेश दौरे तक बनाए रखा।
हालांकि, यह कहानी टेस्ट क्रिकेट में विपरीत रही, क्योंकि भारत की रन मशीन कहे जाने वाले कोहली का बल्ले के साथ हाल खेल के लंबे प्रारूप में अब तक नहीं बदला है। उन्होंने सीमित ओवरों के क्रिकेट में अपनी लय दोबारा हासिल तो कर ली, लेकिन वह टेस्ट क्रिकेट में अभी भी संघर्ष कर रहे हैं।
टेस्ट क्रिकेट में विराट कोहली के आंकड़े लगातार गिर रहे हैं
विराट कोहली ने बांग्लादेश के खिलाफ पहले टेस्ट में 1 और 19* और दूसरे टेस्ट में 24 और 1 रन बनाए, जिसके साथ ही उन्होंने अपने करियर में केवल दूसरी बार एक कैलेंडर वर्ष में सबसे कम रन (265) बनाए हैं। दरअसल, मीरपुर में बांग्लादेश के खिलाफ जारी दूसरे टेस्ट के तीसरे दिन मेहदी हसन मिराज द्वारा आउट होने के बाद पूर्व भारतीय कप्तान का टेस्ट औसत पचास से नीचे गिर गया है, और ऐसा उनके करियर में तीसरी बार हुआ है।
आपको बता दें, विराट कोहली ने साल 2020 में सिर्फ तीन टेस्ट खेले और उनका औसत केवल 19.33 रहा। जिसके दो साल अब उन्होंने बांग्लादेश दौरे पर चार पारियों में सिर्फ 45 रन बनाकर अपनी अब तक की सबसे खराब टेस्ट सीरीज में से एक का अंत किया। इस साल 2022 में कोहली का टेस्ट क्रिकेट में बल्लेबाजी औसत 26.50 रहा, जो उनके 2014 के इंग्लैंड दौरे (13.40) के थोड़ा बेहतर है। इससे पहले साल 2011 में कोहली ने टेस्ट क्रिकेट में 22.44 के औसत से रन बनाए थे।
इसके अलावा, भारत के बल्लेबाजी दिग्गज ने टेस्ट क्रिकेट में अपने अब तक के सबसे खराब प्रदर्शन की भी बराबरी की, क्योंकि उन्होंने 10 पारियों में एक भी अर्धशतक नहीं बनाया, जो हाल उनका इंग्लैंड दौरे पर रहा था। इस साल उनका 15 का औसत अब एशियाई उपमहाद्वीप में कम से कम दो टेस्ट की द्विपक्षीय सीरीज में अब तक का दूसरा सबसे खराब और समग्र रूप से चौथा सबसे खराब औसत है।