बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने अब अपनी टीम के सीनियर खिलाड़ियों से की यह गुजारिश - क्रिकट्रैकर हिंदी

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने अब अपनी टीम के सीनियर खिलाड़ियों से की यह गुजारिश

पिछले काफी समय से बांग्लादेश क्रिकेट टीम के खिलाड़ी किसी एक फॉर्मेट में खेलना अधिक पसंद कर रहे हैं।

Bangladesh team. (Photo source: Twitter/T20 World Cup)
Bangladesh team. (Photo source: Twitter/T20 World Cup)

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) के प्रेसीडेंट नजमुल हसन ने अपने एक बयान में इस बात का खुलासा किया है कि टी-20 क्रिकेट आने के बाद से टीम के सीनियर खिलाड़ी अब तीनों ही फॉर्मेट में खेलने पर अधिक ध्यान नहीं देते हैं। दरअसल इस बात की चर्चा उस समय से शुरू हुई जब हाल ही में बांग्लादेश टीम के निदेशक खालिद महमूद ने तेज गेंदबाज मुस्ताफिजुर रहमान पर अपना गुस्सा दिखाते हुए कहा कि वह सिर्फ 26 साल के होने के बावजूद लिमिटेड ओवर्स क्रिकेट पर ही अपना ध्यान लगाना चाहते हैं।

दरअसल बांग्लादेश की टीम पिछले काफी समय से सभी फॉर्मेट में अपनी सबसे मजबूत एकादश के साथ खेलते हुए नहीं दिखाई दी है, जिसके पीछे कई तरह के कारण सामने आए हैं। जहां तमीम इकबाल पिछले काफी समय से टी-20 अंतरराष्ट्रीय में खेलते हुए नहीं दिखे वहीं महमूदुल्लाह ने भी टेस्ट क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया। इसके अलावा टीम के अन्य 2 सीनियर खिलाड़ी मुशफिकुर रहीम और शाकिब अल हसन को लेकर भी स्थिति साफ नहीं दिखती है।

हम किसी को बुरा महसूस नहीं होने देना चाहते

BCB अध्यक्ष नजमुल हसन के अनुसार टी-20 क्रिकेट आने के बाद से अब खिलाड़ियों का अधिक ध्यान लिमिटेड ओवर्स फॉर्मेट में रहता है, जिसका असर टेस्ट टीम पर देखने को मिलता है। जिसमें उनके अनुसार बांग्लादेश बोर्ड अपने खिलाड़ियों के फैसले का सम्मान करता है, ताकि किसी भी खिलाड़ी को बुरा महसूस ना हो और वह मुस्कुराते हुए खेले।

क्रिकबज में छपे बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष के बयान में उन्होंने कहा कि, यदि सीनियर खिलाड़ियों को लेकर बात की जाए तो आप वर्ल्ड क्रिकेट में जबसे टी-20 क्रिकेट आया है, उसके बाद कई तरह के बदलाव साफतौर पर देखने को मिले हैं। जिसमें अब खिलाड़ियों का ध्यान टी-20 क्रिकेट खेलने पर अधिक रहता है। जिसमें आप लंबे समय तक अपने करियर को आगे बढ़ा सकते हैं, लेकिन इससे टेस्ट फॉर्मेट की टीम पर असर देखने को मिलता है, जिसमें खिलाड़ी टी-20 पर ध्यान देना चाहते हैं।

हमारे साथ समस्या यह है कि हम किसी को बुरा महसूस नहीं कराना चाहते हैं, जिसमें उन्हें अपने फैसले खुद ही लेने होंगे और यदि वह जल्दी ऐसा करते हैं तो इससे हमारे लिए भी आसान होगी। लेकिन यदि वह ऐसा नहीं करते हैं, तो हमें मजबूरन उनके करियर को लेकर बड़ा फैसला करना पड़ेगा।