जानिए क्यों इस भारतीय दिग्गज ने मैच ड्रॉ होने पर कहा दोनों टीमें खुद को भाग्यशाली समझें - क्रिकट्रैकर हिंदी

जानिए क्यों इस भारतीय दिग्गज ने मैच ड्रॉ होने पर कहा दोनों टीमें खुद को भाग्यशाली समझें

इंग्लैंड जैसी परस्थिति में रिजर्व डे पर विचार किया जा सकता है।

Indian Cricket Team. (Photo Source: Twitter)
Indian Cricket Team. (Photo Source: Twitter)

इंग्लैंड और भारत के बीच पहले टेस्ट मैच के आखिरी दिन का खेल बारिश की वजह से धुल गया। भारत के पूर्व तेज गेंदबाज जहीर खान ने कहा कि भारत इस टेस्ट मैच को जीतने का प्रबल दावेदार था। अगर भारत यह टेस्ट मैच जीत जाता तो निश्चित रूप से पूरी टीम का आत्मविश्वास बढ़ जाता।

जहीर खान ने कहा कि दोनों टीमें मैच ड्रॉ होने के बाद एक-दूसरे को भाग्यशाली मानेंगी। टेस्ट के आखिरी दिन भारत को जीत के लिए 157 रनों की जरूरत थी और हाथ में 9 विकेट थे। इंग्लैंड को दूसरी पारी में 303 पर समेटने के बाद मैच में भारत का दबदबा बढ़ गया था। जहीर ने कहा कि दोनों टीमें टेस्ट मैच के बाद इस मैच से हासिल की गई सकारात्मकता और सीख पर ध्यान देंगी।

दोनों ही टीम के लिए बारिश भाग्यशाली: जहीर

क्रिकबज्ज के शो के दौरान बातचीत करते हुए तेज गेंदबाज जहीर ने कहा कि दोनों ड्रेसिंग रूम में बारिश को लेकर बातचीत हो रही होगी। भारत यह सोचेगा कि कैसे बारिश ने इंग्लैंड को बचा लिया। वहीं, इंग्लिश ड्रेसिंग रूम सोचेगा कि उनके पास मैच जिताने वाला गेंदबाजी क्रम है लेकिन बारिश की वजह से यह मुमकिन नहीं हो सका। खेल का समय जितना कम होगा इंग्लैंड के लिए उतना ही बेहतर होगा क्योंकि इंग्लैंड के पास आक्रमण करने के लिए समय अधिक होगा।”

रिजर्व डे पर जहीर का बयान

क्रिकेट प्रेमी हमेशा परिणाम के लिए क्रिकेट देखते हैं। भारत और इंग्लैंड के बीच इस टेस्ट सीरीज का इंतजार लोगों को लंबे समय से था लेकिन बारिश की वजह से पहले टेस्ट का नतीजा ड्रॉ रहा। मैच के परिणाम के लिहाज से रिजर्व डे की चर्चा सामने आती है। जहीर ने कहा कि अगर रिजर्व डे से परिणाम संभव हो तो यह एक अच्छा विचार हो सकता है लेकिन हमें मौजूदा नियमों को भी ध्यान में रखने की जरूरत है।

“यह एक अच्छा विचार है। अगर परिणाम संभव हो तो आप रिजर्व डे के बारे में विचार कर सकते हैं लेकिन क्या एक और विषय पर चर्चा हो रही है कि पांच दिवसीय टेस्ट को घटाकर चार दिन का कर दिया जाए। हालांकि, यह बात उन्होंने हंसते हुए कही। फिलहाल हम केवल अपने नियमों पर टिके रह सकते हैं। जब इस तरह के खेल होते हैं तो हमेशा उस अतिरिक्त दिन के लिए तरसते हैं लेकिन अगर कोई टीम मैच में पीछे रह जाती है तो वो शायद बिना रिजर्व डे के ज्यादा खुश होती।”