डिप्रेशन की वजह से पूर्व भारतीय खिलाड़ी ने किया सुसाइड, चौथे फ्लोर से लगाई छलांग
डेविड जॉनसन ने भारत के लिए दो टेस्ट मुकाबले खेले हैं जिसमें बेहतरीन खिलाड़ी ने तीन विकेट हासिल किए थे।
अद्यतन - जून 20, 2024 5:02 अपराह्न

पूर्व भारतीय खिलाड़ी डेविड जॉनसन ने चौथा फ्लोर से छलांग लगाकर सुसाइड कर लिया है। बता दें, डेविड जॉनसन ने भारत के लिए दो टेस्ट मुकाबले खेले हैं जिसमें बेहतरीन खिलाड़ी ने तीन विकेट हासिल किए थे। उन्होंने भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय डेब्यू 1996 में किया था और दूसरा टेस्ट भी उन्होंने इसी साल खेला था।
हालांकि डेविड जॉनसन का फर्स्ट क्लास करियर काफी सफल रहा था। उन्होंने 39 मुकाबलों में 28.63 के औसत से 125 विकेट अपने नाम किए थे। यही नहीं लिस्ट-A में भी उनके नाम 33 मुकाबलों में 41 विकेट थे। 1996 में डेविड जॉनसन ने अपने घर में खेली गई ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 150 केएमपीएच की गति से गेंद फेंकी थी।
रिपोर्ट के मुताबिक डेविड ने एक निजी अपार्टमेंट के चौथा फ्लोर से छलांग लगाकर आत्महत्या की। वो डिप्रेशन का शिकार थे। जैसे ही कोथानूर पुलिस को सूचना मिली वो मौके पर पहुंची और पूर्व भारतीय खिलाड़ी के शव को अस्पताल ले जाया गया। डेविड जॉनसन के निधन की खबर आते ही सोशल मीडिया पर तमाम लोगों ने अपनी अपनी प्रतिक्रिया दी। क्रिकेट जगत में डेविड जॉनसन के निधन से शोक की लहर है।
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के सचिव जय शाह ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर दी डेविड जॉनसन के निधन की खबर
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के सचिव जय शाह ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर डेविड जॉनसन के निधन के बारे में तमाम लोगों को बताया। भले ही डेविड जॉनसन का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर काफी छोटा रहा हो लेकिन उन्हें हमेशा ही भारत के सर्वश्रेष्ठ तेज गेंदबाजों में गिना गया।
जय शाह ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर ट्वीट किया, ‘हमारे पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज डेविड जॉनसन के परिवार और उनके दोस्तों के लिए विनम्र श्रद्धांजलि। उनका योगदान खेल में हमेशा ही याद रहेगा।’
Deepest condolences to family and friends of our former Indian fast bowler David Johnson. His contributions to the game will always be remembered 🙏
— Jay Shah (@JayShah) June 20, 2024
बता दें, 1995-96 रणजी सीजन में डेविड जॉनसन ने धमाकेदार घरेलू प्रदर्शन किया था। यही नहीं उन्होंने केरल के खिलाफ 152 रन देकर 10 विकेट झटके थे जिसकी वजह से कर्नाटक ने तीन विकेट से जीत दर्ज की थी। इसके बाद ही उन्हें भारतीय टीम में शामिल किया गया था।