वैभव सूर्यवंशी की इस कमजोरी पर बोले मोहम्मद कैफ, डेब्यू के बाद टीम में बने रहने के लिए करना होगा ये बड़ा काम

वैभव सूर्यवंशी की इस कमजोरी पर बोले मोहम्मद कैफ, डेब्यू के बाद टीम में बने रहने के लिए करना होगा ये बड़ा काम

डेब्यू के बाद कैफ ने वैभव के खेल का संतुलित आकलन करते हुए दिए कई अहम सुझाव

Vaibhav Sooryavanshi (Image credit Twitter - X)
Vaibhav Sooryavanshi (Image credit Twitter – X)

भारत के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपना पहला मुकाबला खेलकर नई शुरुआत की। उन्होंने छोटी लेकिन आक्रामक पारी खेली, हालांकि, उसे बड़ी पारी में नहीं बदल सके।

इस बीच, पूर्व भारतीय क्रिकेटर मोहम्मद कैफ का मानना है कि वैभव के खेल में अपार प्रतिभा है, लेकिन अभी कुछ ऐसे पहलू हैं जिन पर उन्हें मेहनत करने की जरूरत है। कैफ ने कहा कि डेब्यू मैच के आधार पर किसी खिलाड़ी का आकलन करना सही नहीं होगा, लेकिन शुरुआत में ही अपनी कमजोरियों पर काम करना भविष्य के लिए फायदेमंद रहेगा।

ऑफ स्पिन के खिलाफ सुधार की जरूरत

मोहम्मद कैफ ने कहा कि वैभव को ऑफ स्पिन गेंदबाजी के खिलाफ अपनी बल्लेबाजी मजबूत करनी होगी। उनके अनुसार, आईपीएल में भी वैभव को बहुत कम मौकों पर ऑफ स्पिनरों का सामना करना पड़ा था, इसलिए इस क्षेत्र में अनुभव की कमी दिखी।

कैफ का मानना है कि बड़े स्तर पर सफल होने के लिए हर तरह की गेंदबाजी के खिलाफ आत्मविश्वास जरूरी होता है। उन्होंने सलाह दी कि वैभव को अभी से इस कमजोरी पर काम करना चाहिए, ताकि भविष्य में किसी बड़े टूर्नामेंट में यह परेशानी न बने।

कैफ ने अभिषेक शर्मा का उदाहरण देते हुए कहा कि टी20 विश्व कप के दौरान उन्हें भी ऑफ स्पिन के खिलाफ दिक्कत हुई थी। लेकिन उन्होंने अपनी कमी को पहचाना और लगातार मेहनत करके उसमें सुधार किया।

कैफ का कहना है कि समझदार खिलाड़ी वही होता है जो हार या असफलता का इंतजार करने के बजाय पहले से ही अपनी कमजोरियों को दूर करने का प्रयास करे। उन्होंने उम्मीद जताई कि वैभव भी इसी रास्ते पर आगे बढ़ेंगे।

मोहम्मद कैफ ने वैभव की फील्डिंग की भी खुलकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि पूरे 20 ओवर मैदान पर उनकी ऊर्जा और दबाव में लिया गया शानदार कैच यह दिखाता है कि वह एक अच्छे फील्डर बनने की क्षमता रखते हैं।

कैफ ने आईपीएल फ्रेंचाइजी से भी अपील की कि वैभव को सिर्फ इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में इस्तेमाल करने के बजाय नियमित रूप से फील्डिंग का मौका दिया जाए। उनके अनुसार, युवा खिलाड़ियों का हर विभाग में विकास करना टीम प्रबंधन की जिम्मेदारी होती है और वैभव में भविष्य का एक बेहतरीन ऑलराउंड क्रिकेटर बनने की पूरी क्षमता है।

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