जब सौरव गांगुली के एक मजाक ने डेब्यू मैच से पहले उड़ा दी थी युवराज सिंह की नींद
साल 2000 में युवराज सिंह ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में किया था डेब्यू।
अद्यतन - Apr 29, 2022 5:41 pm

भारतीय टीम क पूर्व दिग्गज हरफनमौला खिलाड़ी युवराज सिंह ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने डेब्यू को लेकर एक मजेदार किस्सा सुनाया है। उन्होंने बताया है कि उनके डेब्यू से पहले उन्हें पूरी रात नींद नहीं आई थी, क्योंकि उस वक्त के टीम के कप्तान सौरव गांगुली ने उनके साथ एक प्रैंक किया था। बता दें कि युवी ने साल 2000 में आईसीसी नॉकआउट टूर्नामेंट में डेब्यू किया था।
40 साल के युवराज सिंह ने ‘होम ऑफ़ हीरोज़’ कार्यक्रम में बातचीत करते कहा कि मैच से पहले शाम को सौरव गांगुली ने उनसे पूछा था कि क्या वे मुकाबले में ओपनिंग करेंगे। इसपर उन्होंने कहा, “मैंने उनसे कहा कि अगर वे ऐसा चाहते हैं तो मैं ज़रूर ओपन करूंगा। इसके बाद मुझे सारी रात नींद नहीं आई।” हलांकि, युवी ने बताया कि गांगुली ने सुबह उठ कर उनसे कहा कि वे मजाक कर रहे थे और वो ही सचिन तेंदुलकर के साथ भारत की पारी की शुरुआत करेंगे।
मेरा सौभाग्य था कि मैंने उस मैच में 84 रन बनाए- युवराज सिंह
युवराज, जिन्होंने ब्रेट ली, ग्लेन मैक्ग्रा, जेसन गिलेस्पी जैसे दिग्गज गेंदबाजों का सामना किया था, उन्होंने आगे कहा कि, “जब मैं बल्लेबाजी करने उतरा तब मेरा ध्यान सिर्फ गेंद पर ही केंद्रित हो चुका था। उस गेंदबाजी क्रम की गुणवत्ता ऐसी थी कि अगर आप आज मुझसे कहते कि मैंने अपनी पहली पारी में ऑस्ट्रेलिया के विरुद्ध केवल 37 बनाए हैं तो भी मैं संतुष्ट होता। मेरा सौभाग्य था कि मैंने 84 रन बनाए थे।”
युवराज ने आगे बताया कि, “सौभाग्य से, मैंने 84 रन बनाए, मुझे नहीं पता कि कैसे, बस मैं गेंद को मारता चला गया। यह मेरे लिए एक बहुत बड़ा क्षण था। ऑस्ट्रेलिया को हराकर मैन ऑफ द मैच का पुरस्कार प्राप्त किया और उन्होंने माइकल बेवन को रन आउट करने के महत्व को याद किया।”
बल्ले से प्रभावित करने के बाद युवराज ने अपनी फिल्डिंग क्षमता भी दिखाई, क्योंकि उन्होंने पिंच-हिटर इयान हार्वे को शानदार कैच लेकर आउट किया, लेकिन माइकल बेवन को रन आउट करना सबसे शानदार था क्योंकि उस विकेट ने ऑस्ट्रेलिया को मैच में बहुत पीछे कर दिया।