द ओवल में 85 सालों में सिर्फ 2 टेस्ट जीतने वाली टीम इंडिया WTC 2023 फाइनल में इतिहास रच पाएगी?
भारत की तुलना में ऑस्ट्रेलिया का इंग्लैंड के द ओवल में रिकॉर्ड बेहतर है।
अद्यतन - May 8, 2023 3:25 pm

भारतीय क्रिकेट टीम इस बार पिछली गलतियों को दोहराना नहीं चाहेगी जब वे दूसरी बार आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) का फाइनल खेलेंगे। आपको बता दें, भारत को न्यूजीलैंड के खिलाफ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के पहले संस्करण के फाइनल में आठ विकेट की शिकस्त झेलनी पड़ी थी।
खैर, टीम इंडिया ने एक बार फिर WTC के फाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया है, और इस बार उनका सामना ऑस्ट्रेलिया से है। WTC 2023 का फाइनल भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच 7-11 जून को साउथ लंदन के फेमस स्टेडियम द ओवल में खेला जाना है, जहां दोनों ही टीमों का रिकॉर्ड उतना खास नहीं रहा है।
द ओवल में भारत का रिकॉर्ड अच्छा नहीं है
हालांकि, भारत की तुलना में ऑस्ट्रेलिया का द ओवल में रिकॉर्ड बेहतर है, उन्होंने अब तक इस स्थान पर सात मैच जीते हैं, जबकि टीम इंडिया अब तक केवल दो मैच जीत पाई है। आपको बता दें, भारत ने पहली बार अगस्त 1936 में द ओवल में एक टेस्ट मैच खेला था, जहां इंग्लैंड ने शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन के बदौलत नौ विकेट की जीत दर्ज की थी। जिसके बाद दो ड्रॉ और एक पारी की हार के बाद, भारत ने 1971 में द ओवल में अपनी पहली टेस्ट जीत दर्ज की थी।
जिसके बाद भारतीय क्रिकेट टीम ने इस स्टेडियम में अपनी अब तक की केवल दूसरी जीत साल 2021 में दर्ज की थी, जब टीम ने 2 सितंबर 2021 को किआ ओवल, केनिंगटन, में इंग्लैंड को 157 रनों से पराजित किया था। आपको बता दें, द ओवल में भारत का अब तक सबसे बड़ा टोटल 2007 में 664 ऑल आउट है, जिसके बाद 1990 में खेले गए एक टेस्ट मैच में टीम ने 9 विकेट के नुकसान पर 606 रनों पर पारी घोषित की थी।
इसके अलावा, राहुल द्रविड़ के नेतृत्व में भारत ने 2002 के एक टेस्ट में 508 ऑल आउट का तीसरा सबसे बड़ा टोटल पोस्ट किया था। इस प्रतिष्ठित स्टेडियम में भारतीय टीम का सबसे छोटा स्कोर 94 रन है, जब उन्हें 2014 में 244 रनों की हार का सामना करना पड़ा था, जबकि 1952 में ड्रॉ हुए टेस्ट में उन्होंने 98 का दूसरा सबसे छोटा स्कोर किया था। खैर, इस बार मौका बड़ा है, और दोनों ही टीमें, भारत और ऑस्ट्रेलिया, द ओवल में अपने रिकॉर्ड को किनारे कर WTC 2023 फाइनल जीतना चाहेगी।