रणजी ट्रॉफी के क्वार्टरफाइनल मुकाबले में मनीष पांडे बने विकेटकीपर - क्रिकट्रैकर हिंदी

रणजी ट्रॉफी के क्वार्टरफाइनल मुकाबले में मनीष पांडे बने विकेटकीपर

मुकाबले के तीसरे दिन कर्नाटक कप्तान मनीष पांडे ने कीपिंग करने का फैसला किया जब उनके टीम के विकेटकीपर श्रीनिवास शरथ चोटिल हो गए थे।

Manish Pandey as wicket-keeper (Photo Source: Twitter)
Manish Pandey as wicket-keeper (Photo Source: Twitter)

मौजूदा रणजी ट्रॉफी 2021-22 सत्र में कर्नाटक का सामना उत्तर प्रदेश से क्वार्टरफाइनल मुकाबले में हो रहा है। ये मुकाबला कर्नाटक के अलूर में खेला जा रहा है। बता दें, इस मुकाबले के तीसरे दिन कर्नाटक कप्तान मनीष पांडे ने कीपिंग करने का फैसला किया जब उनके टीम के विकेटकीपर श्रीनिवास शरथ चोटिल हो गए थे।

श्रीनिवास शरथ ने उत्तर प्रदेश के खिलाफ पहली पारी में विकेट के पीछे पांच कैच पकड़े थे। यही नहीं, कर्नाटक की दूसरी पारी में उन्होंने 114 गेंदों में 23 रन की नाबाद पारी खेली थी। आमतौर पर, पांडे को दस्ताने के साथ नहीं देखा जाता है। वो घरेलू क्रिकेट में बीआर शरत, केएल राहुल, रॉबिन उथप्पा, आदि जैसे नियमित कीपरों के साथ मुकाबले खेल चुके हैं।

कर्नाटक के लिए यह मुकाबला जीतना काफी मुश्किल

उत्तर प्रदेश को कर्नाटक की तरफ से 213 रन का लक्ष्य मिला है। वहीं खबर लिखे जाने तक उत्तर प्रदेश 5 विकेट खोकर 140 रन बना चुकी है। उनको अभी भी 73 रनों की दरकार और है। क्रीज़ पर प्रिंस यादव (12*) और करण शर्मा (42*) मौजूद हैं। दोनों ही काफी आराम से टीम को जीत की ओर ले जा रहे हैं। अगर यहा से एक विकेट और गिरता है तो यूपी को इस मुकाबले को जीतना काफी मुश्किल हो जाएगा।

वहीं, इस मुकाबले के अलावा क्वार्टरफाइनल राउंड में तीन मुकाबले और भी चल रहे हैं। मुंबई बनाम उत्तराखंड, बंगाल बनाम झारखंड और पंजाब बनाम मध्य प्रदेश। इन चारों मुकाबलों में जो धीमे जीतेंगे उनका मुकाबला सेमीफाइनल में एक दूसरे के साथ खेला जाएगा।

नॉकआउट लीग की बात करें तो, ग्रुप सी में कर्नाटक ने तीन मुकाबलों में 2 में जीत दर्ज की थी जबकि एक में मुकाबला ड्रॉ रहा था। उन्होंने कुल 16 प्वाइंट्स अर्जित किए थे। वहीं दूसरी तरफ ग्रुप जी में उत्तर प्रदेश ने ने भी 2 मुकाबले जीते थे और एक मुकाबला ड्रॉ रहा था। उन्होंने 13 पॉइंट्स अपने नाम किए थे। सभी 8 टीमें चाहेंगी कि अपना अपना मुकाबला जीतकर सेमीफाइनल में प्रवेश करें।

हालांकि मुकाबलों को देखते हुए मुंबई और बंगाल का सेमीफाइनल में पहुंचना तय माना जा रहा है लेकिन क्रिकेट में कभी भी कुछ नहीं कहा जा सकता। चाहे उत्तराखंड या झारखंड दोनो ही टीमें जबरदस्त वापसी कर सकती हैं।