रहमानुल्लाह गुरबाज से हो भारी गलती, ICC ने अफगानिस्तान के बल्लेबाज को जमकर लगाई फटकार
गुरबाज को इंग्लैंड के खिलाफ मैच के दौरान आईसीसी की आचार सहिंता के उल्लंघन का दोषी पाया गया।
अद्यतन - अक्टूबर 17, 2023 6:11 अपराह्न

अफगानिस्तान के सलामी बल्लेबाज रहमानुल्लाह गुरबाज को इंग्लैंड के खिलाफ वनडे वर्ल्ड कप 2023 के 13वें मैच में गुस्से में कुर्सी पर बल्ला मारना महंगा पड़ गया है। ICC ने उनकी इस हरकत के लिए उन्हें कड़ी फटकार लगाई है। गुरबाज को इंग्लैंड के खिलाफ मैच के दौरान आईसीसी की आचार सहिंता के उल्लंघन का दोषी पाया गया।
बता दें, अफगानिस्तान की पारी के 19वें ओवर में रहमानुल्लाह गुरबाज अपनी गलती से ही रनआउट हो गए थे। वो खुद से काफी निराश थे क्योंकि उस मैच में वो काफी अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे। गुरबाज इस मैच में अपना शतक पूरा कर सकते थे लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
जब रनआउट होकर गुरबाज वापस पवेलियन लौटे तब उन्होंने गुस्से से अपने बल्ले से बाहर कुर्सी पर जोर से मारा। गुरबाज को आईसीसी आचार संहिता के अनुच्छेद 2.2 का उल्लंघन करते हुए पाया गया, जो “एक अंतर्राष्ट्रीय मैच के दौरान क्रिकेट उपकरण या कपड़े, ग्राउंड उपकरण या फिक्स्चर और फिटिंग के दुरुपयोग” से संबंधित है।” गुरबाज के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में एक डिमेरिट अंक भी जोड़ दिया गया है, जो कि 24 महीने की अवधि में उनका यह पहला अपराध था। गुरबाज ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और इसलिए अब उनके खिलाफ कोई औपचारिक सुनवाई की कोई जरूरत नहीं है।
अफगानिस्तान को अब न्यूजीलैंड के खिलाफ 18 अक्टूबर को मुकाबला खेलना है
बता दें, इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए मुकाबले में अफगानिस्तान ने जीत दर्ज की थी। उस मुकाबले में अफगानिस्तान की ओर से सभी खिलाड़ियों ने काफी अच्छा प्रदर्शन किया था और अपनी टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई थी। बता दें, अफगानिस्तान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड के खिलाफ सभी विकेट होकर 284 रन बनाए थे जिसके जवाब में उन्होंने इंग्लिश टीम को 215 रन पर ऑलआउट कर दिया।
अब अफगानिस्तान को आईसीसी वनडे वर्ल्ड कप 2023 में अपना अगला मुकाबला न्यूजीलैंड के खिलाफ 18 अक्टूबर को चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेलना है। यहां स्पिनर्स को काफी मदद मिलती है और यही वजह है कि अफगानिस्तान चेन्नई में न्यूजीलैंड के खिलाफ काफी घातक साबित हो सकती है।
डिमेरिट अंक काफी महत्वपूर्ण होते हैं। अगर कोई खिलाड़ी 24 महीने की अवधि के भीतर चार या उससे ज्यादा डिमेरिट अंक हासिल कर लेता है तो यह सस्पेंशन अंक में बदल जाता है और इसके बाद उनके ऊपर अंतर्राष्ट्रीय मुकाबलों में भाग लेने से प्रतिबंध भी लग जाता है।