जब धोनी एक बार मन बना लेते हैं तो उन्हें रोकना मुश्किल है- रवि शास्त्री ने कही MSD के लिए बड़ी बात
धोनी चाहते तो 100 टेस्ट मैच खेल सकते थे लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया- रवि शास्त्री
अद्यतन - अप्रैल 29, 2023 11:47 पूर्वाह्न

चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी के फैन कई दिग्गज खिलाड़ी हैं। वह अक्सर अपनी बेहतरीन कप्तानी की दम पर अपनी टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाते हैं। आईपीएल 2023 में भी उनकी टीम चेन्नई काफी अच्छा प्रदर्शन कर रही है। वहीं आईपीएल के बाद टीम इंडिया वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की तैयारी में लग जाएगी।
दरअसल इन दिनों धोनी की शानदार कप्तानी पर फैंस भी अलग-अलग रिएक्शन दे रहे हैं। कुछ फैंस का कहना है कि वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए धोनी को एक बार फिर टीम इंडिया में वापसी करनी चाहिए। वहीं फैंस के इन रिएक्शन पर भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व हेड कोच रवि शास्त्री ने भी प्रतिक्रिया दिया है।
धोनी चाहते तो 100 टेस्ट मैच खेल सकते थे- रवि शास्त्री
रवि शास्त्री ने धोनी के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बारे में बात की और उनका कहना है कि धोनी जब एक बार किसी चीज के लिए बना लेते हैं तो फिर उसे बदलना काफी मुश्किल हो जाता है। साथ ही रवि शास्त्री का कहना था कि धोनी चाहते तो 100 टेस्ट मैच खेल सकते थे लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।
दरअसल ESPNcricinfo से बातचीत के दौरान रवि शास्त्री ने कहा कि, एक बार जब महेंद्र सिंह धोनी मन बना लेते हैं तो बस बना लेते हैं। टेस्ट क्रिकेट में वह आसानी से एक साल से डेढ़ साल तक खेल सकते थे। वह चाहते तो 100 टेस्ट मैच, भारी भीड़, अच्छी सेरेमनी के साथ क्रिकेट को अलविदा कह सकते थे, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।
साथ ही उन्होंने कहा कि, उन्होंने दूसरों को मौका दिया। धोनी कभी भी व्यक्तिगत रिकॉर्ड के लिए नहीं खेले। बता दें महेंद्र सिंह धोनी ने साल 2014 में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया था और फिर साल 2020 में इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास ले लिया। लेकिन उन्होंने आईपीएल में चेन्नई के लिए खेलना जारी रखा।