पाकिस्तान ने फिर किया दिग्गज खिलाड़ी का अपमान - क्रिकट्रैकर हिंदी

पाकिस्तान ने फिर किया दिग्गज खिलाड़ी का अपमान

Shoaib Malik of Punjabi Legends
Shoaib Malik of Punjabi Legends. (Photo by Francois Nel/Getty Images)

कहते हैं व्यक्ति आदतन मजबूर होता है लेकिन आज हम बात करेंगे क्रिकेट जगत के एक ऐसे क्रिकेट बोर्ड की जो अपनी आदत से मजबूर है यह है पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड. दरअसल वाकया यह है कि हम जानते हैं कि किसी भी खेल में सबसे प्रभावशाली खिलाड़ी को मैच के अंत में मैन ऑफ द मैच के अवार्ड से सम्मानित किया जाता है और ऐसा ही क्रिकेट में भी होता है जिसमें पूरे मैच के दौरान जिस खिलाड़ी का प्रभाव खेल में सबसे अधिक होता है उन्हें मैन ऑफ द मैच के अवार्ड से सम्मानित किया जाता है.

लेकिन जब हम मैच को दर्शक दीर्घा से देखते हैं तो कभी-कभी लगता है कि मैच का हीरो कोई और है और अवार्ड किसी और को दे दिया जाता है और कभी वाकई में मैच मैं प्रभाव किसी और खिलाड़ी का होता है और अवार्ड किसी और को दिया जाता है ऐसा ही ताजा उदाहरण दुबई में चल रहे हैं पाकिस्तान सुपर लीग में देखा गया जहां एक मैच में सबसे प्रभावशाली खिलाड़ी कोई और रहा और पाकिस्तान बोर्ड के द्वारा पक्षपात करते हुए यह सम्मान मैन ऑफ द मैच का अवार्ड पाकिस्तानी प्लेयर को दे दिया गया.

दरअसल यह पूरा वाकया पाकिस्तान सुपर लीग के एक मैच के दौरान हुआ जहां मुल्तान सुल्तान और पेशावर जाल्मी के बीच मैच खेला जा रहा था और पेशावर जाल्मी के 151 रन के टारगेट का पीछा करने उतरे मुल्तान सुल्तान के ओर से श्रीलंका के विकेटकीपर बल्लेबाज कुमार संगकारा बल्लेबाजी करने उतरे और उन्होंने अपने इस पारी के दौरान 51 गेंद में शानदार 57 रन बनाए और 3 गेंद शेष रहते हैं 3 विकेट के नुकसान पर मैच में मुल्तान सुल्तान को जीत दिलाया.

मामला दिलचस्प तब हुआ जब इस मैच में कुमार संगकारा ने 57 रन बनाए और इनके बाद आए मुल्तान सुल्तान के कप्तान शोएब मल्लिक ने 30 गेंदों में 42 रन बनाएं साथ ही किरोन पोलार्ड ने मैच को 13 गेंदों में 21 रनों बनाकर समाप्त किया जिसके बाद क्रिकेट का थोड़ा भी ज्ञान रखने वाला साफ तौर पर बता सकता है कि इस मैच में सबसे प्रभावशाली प्रदर्शन कुमार संगकारा का रहा और मैच में मैन ऑफ द मैच का सही दावेदार कुमार संगकारा को होना चाहिए लेकिन पाकिस्तान में भेदभावपूर्ण नीति अपनाते हुए इस मैच में पाकिस्तानी खिलाड़ी शोएब मलिक मैन ऑफ द मैच दिया गया.

इससे साफ जाहिर होता है कि पाकिस्तान चाहे किसी भी मैच में हो अपनी छोटी सोच को नहीं बदल सकती पाकिस्तान सुपर लीग में पाकिस्तानी खिलाड़ी को अहमियत देकर इसे साबित कर दिया कि चाहे मैच कोई भी हो कैसा भी हो कहीं भी हो हम अपनी हरकतों से बाज नहीं आएंगे.