राहुल द्रविड़ ने एक कार्यक्रम में अपनी विनम्रता से एक बार फिर जीता सबका दिल - क्रिकट्रैकर हिंदी

राहुल द्रविड़ ने एक कार्यक्रम में अपनी विनम्रता से एक बार फिर जीता सबका दिल

राहुल द्रविड़ ने सुनिश्चित किया कि गुंडप्पा विश्वनाथ इवेंट के दौरान आकर्षण का केंद्र बने रहें।

Rahul Dravid (Image Source: Twitter)
Rahul Dravid (Image Source: Twitter)

इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के जारी 15वें सीजन का आनंद जहां एक तरफ लिया जा रहा है, वहीं भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच राहुल द्रविड़ मैदान के बाहर अपने समय का आनंद ले रहे हैं, क्योंकि इस समय भारत के पास कोई अंतरराष्ट्रीय असाइनमेंट नहीं है। हाल ही में, राहुल द्रविड़ को बेंगलुरु में एक बुक इवेंट में देखा गया था, जहां उनकी सादगी और साधारण स्वभाव एक बार फिर चर्चा में हैं।

काशी नाम के एक ट्विटर यूजर के अनुसार, द्रविड़ एक बुक स्टोर में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए थे, जहां एक अन्य पूर्व भारतीय क्रिकेटर गुंडप्पा विश्वनाथ अपनी नई किताब ‘रिस्ट एश्योर्ड’ के बारे में बात करने के लिए मौजूद थे। कार्यक्रम में भाग लेने वाले अन्य लोगों को राहुल द्रविड़ की उपस्थिति का एहसास भी नहीं हुआ क्योंकि टीम इंडिया के मुख्य कोच ने मास्क पहन रखा था और वह चुपचाप पीछे की पंक्ति में जाकर बैठ गए। काशी के अनुसार, राहुल द्रविड़ के ठीक बगल में बैठी लड़की भी महान क्रिकेटर को पहचान नहीं पाई।

राहुल द्रविड़ ने इस कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति का एहसास तक नहीं होने दिया

काशी ने ट्विटर पर लिखा: “वह अकेले में मास्क लगाकर चले गए, उन्होंने जब राम गुहा को बधाई दी, तब मुझे और समीर को एहसास हुआ कि यह वास्तव में राहुल द्रविड़ है, वह खुशी-खुशी आखिरी पंक्ति में बिना किसी उपद्रव के बैठ गए, उनके बगल में बैठी लड़की उसे यह भी नहीं पता था कि वह किसके साथ बैठी है।”

लोगों को राहुल द्रविड़ की मौजूदगी के बारे में तभी पता चला जब गुंडप्पा विश्वनाथ ने उनका स्वागत किया। पूर्व भारतीय कप्तान ने बाद में कई ऑटोग्राफ भी साइन किए। उन्होंने सॉरी कहा जब उन्हें अपना ऑटोग्राफ सही नहीं मिला क्योंकि लोग उन्हें ठीक से खड़े नहीं होने देते थे।

राहुल द्रविड़ के साथ सेल्फी लेने वाले काशी ने यह भी कहा कि महान क्रिकेटर ने यह भी सुनिश्चित किया कि गुंडप्पा विश्वनाथ इवेंट के दौरान आकर्षण का केंद्र बने रहें। काशी ने ट्वीट में आगे कहा: “उन्होंने आखिरकार लोगों से बात करने के बजाय जीआरवी से बात करने के लिए कहा क्योंकि यह जीआरवी का जश्न मनाने का एक कार्यक्रम था! एक व्यक्ति जिसने भारतीय क्रिकेट टीम को इतनी सारी महिमाओं तक पहुंचाया है, वह इतना विनम्र और जमीन से जुड़ा कैसे हो सकता है!”

काशी का ट्विटर पोस्ट कुछ ही समय में वायरल हो गया, क्योंकि राहुल द्रविड़ के स्वभाव ने एक बार फिर से सोशल मीडिया पर सभी का दिल जीत लिया। भारतीय मुख्य कोच को उनकी लोकप्रियता और उपलब्धि को बाजु में रख, लोगो के साथ सामान्य रहते देख फैंस बहुत प्रभावित हुए।