टी-20 वर्ल्ड कप 2022 के लिए नहीं चुने जाने पर सुनील गावस्कर की 'उम्र पड़ी है' टिप्पणी पर रवि बिश्नोई की प्रतिक्रिया आई सामने - क्रिकट्रैकर हिंदी

टी-20 वर्ल्ड कप 2022 के लिए नहीं चुने जाने पर सुनील गावस्कर की ‘उम्र पड़ी है’ टिप्पणी पर रवि बिश्नोई की प्रतिक्रिया आई सामने

रवि बिश्नोई ने युजवेंद्र चहल और आर अश्विन की खूबियों पर बात की।

Ravi Bishnoi and Sunil Gavaskar (Image Source: Getty Images/BCCI)
Ravi Bishnoi and Sunil Gavaskar (Image Source: Getty Images/BCCI)

भारत के पूर्व कप्तान और महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर ने आगामी आईसीसी टी-20 वर्ल्ड कप 2022 के लिए रवि बिश्नोई को मुख्य स्क्वॉड में शामिल नहीं किए जाने पर कहा था कि युवा लेग-स्पिनर के सामने अभी लंबी उम्र पड़ी है, उन्हें टीम में जगह नहीं मिलने पर ज्यादा पछतावा नहीं करना चाहिए।

उन्होंने आगे युवा क्रिकेटर को आने वाले टी-20 वर्ल्ड कप के लिए टीम इंडिया के स्क्वॉड में जगह बनाने के लिए और अधिक मेहनत करने, बेहतर होने और लगातार प्रदर्शन करने की भी सलाह दी थी। आपको बता दें, रवि बिश्नोई को आगामी टी-20 वर्ल्ड कप 2022 के लिए रिजर्व खिलाड़ी के रूप में भारत के स्क्वॉड में शामिल किया गया है, जबकि युजवेंद्र चहल, रविचंद्रन अश्विन और अक्षर पटेल को मुख्य स्क्वॉड में जगह दी गई है।

सुनील गावस्कर के समर्थन ने बढ़ाया रवि बिश्नोई का आत्मविश्वास

इस बीच, रवि बिश्नोई ने भारतीय क्रिकेट टीम के लिए आने वाले समय में और भी बेहतर प्रदर्शन करने का वादा किया है, और साथ ही खुलासा भी किया है कि सुनील गावस्कर जैसे दिग्गज के शब्द और सपोर्ट से उनका आत्मविश्वास और बढ़ाते है। युवा स्पिनर ने यह भी कहा अश्विन और चहल उनसे पहले चुने जाने के हकदार है।

रवि बिश्नोई ने स्पोर्ट्स तक के हवाले से कहा: “अगर सुनील गावस्कर जैसे महान क्रिकेटर मेरा सपोर्ट कर रहे हैं, तो निश्चित ही उन्होंने मुझमें कुछ तो जरूर देखा होगा। क्रिकेट की दुनिया पर राज करने वाले ऐसे महान खिलाड़ियों के समर्थन से आपको काफी आत्मविश्वास मिलता है। आपके लिए महान क्रिकेटरों द्वारा कहे गए शब्द बहुत मायने रखते है।

अश्विन और चहल दोनों अलग-अलग किस्म के स्पिनर है, और उतने ही शानदार है। मेरी यूजी से बहुत बात होते रहती है, और वह मुझसे कहते रहते हैं कि ‘आप यहां बहुत सुधार कर सकते हैं।’ जबकि अश्विन भैया की एक अलग क्लास है। वह बहुत होशियार गेंदबाज है, और गेंद के साथ प्रयोग करते रहते हैं। वह किसी भी चीज को बहुत जल्दी सीख लेते हैं, जिससे मुझे आश्चर्य होता है, इसलिए मैं उनके सीख लेना चाहता हूं, उनका दिमाग चुराना चाहता हूं।”