मेरे क्रिकेटिंग करियर की सबसे बड़ी चुनौती रही है ऑस्ट्रेलिया टीम में अपनी जगह बनाना: उस्मान ख्वाजा
ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज की मानें तो टीम में अपनी जगह बनाने के लिए उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा और यह उनके करियर की सबसे बड़ी चुनौती है।
अद्यतन - जून 6, 2023 1:13 अपराह्न

शानदार बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा ने इस चीज को लेकर खुलासा किया है कि ऑस्ट्रेलिया टीम में अपनी जगह बनाने में उन्हें हमेशा काफी परेशानी हुई है और उन्होंने यह भी बताया कि दूसरे देश में जन्म लेने के बाद वो क्या मुकाम अपने करियर में हासिल करना चाहते हैं। उस्मान ख्वाजा की मानें तो अगर उन्हें वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में भारत के खिलाफ खेलने का मौका मिला होता तो उनका करियर एक अलग ही स्तर में होता।
बता दें, उस्मान ख्वाजा का जन्म पाकिस्तान के इस्लामाबाद में हुआ था और उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए अपना टेस्ट क्रिकेट डेब्यू 2011 के शुरुआत में किया था। ऑस्ट्रेलिया की ओर से ऐसा करने वाले वो पहले बल्लेबाज थे। हालांकि ख्वाजा इस बात से काफी परेशान है कि उन्हें टीम की ओर से ज्यादा मौके नहीं मिले और अभी उन्हें अपने टीम के साथियों से सम्मान मिलने के लिए भी काफी कड़ी मेहनत करनी है।
ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज की मानें तो टीम में अपनी जगह बनाने के लिए उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा और यह उनके करियर की सबसे बड़ी चुनौती है। उनके मुताबिक भारत या किसी और उपमहाद्वीप में जो क्रिकेटर जन्मा है उसे ऑस्ट्रेलिया की ओर से खेलने के लिए काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
ऑस्ट्रेलिया की टीम में शामिल होना मेरे लिए हमेशा से ही काफी चुनौतीपूर्ण रहा है: उस्मान ख्वाजा
उस्मान ख्वाजा ने ICC को बताया कि, ‘मेरे पूरे करियर में सबसे बड़ी चुनौती रही है ऑस्ट्रेलिया की टीम में फिट होना। मेरे लिए हमेशा ऑस्ट्रेलिया की टीम में फिट होना और ऐसा सोचना कि मैं ऑस्ट्रेलिया टीम में अपनी जगह बना सकता हूं यह दिमाग में जरूर रहा है। एक तरफ मुझे मैदान पर ज्यादा से ज्यादा रन बनाने और अच्छा प्रदर्शन करने के लिए अपनी टीम के साथियों का सम्मान पाना पड़ा है वहीं दूसरी ओर मुझे अपने तरीके से रहने के लिए भी मेहनत करनी पड़ी है।
कुछ चीजें ऐसी होती हैं जो आप अपने अंदर से नहीं हटा सकते हैं और यही मेरे लिए सबसे बड़ी चुनौती रही है कि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट और मेरे बीच में चीजें सही नहीं रही है। हां मुझे इस चीज से बेहद खुशी है कि मैं पहला खिलाड़ी हूं जिसने पाकिस्तान या उपमहाद्वीप में जन्म लिया और ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की ओर से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भाग लिया। साथ ही मैं उन कुछ खिलाड़ियों में से हूं जिन्होंने ऑस्ट्रेलिया की ओर से खेला है।’