दलीप ट्रॉफी 2026 से पहले रेड-बॉल क्रिकेट पर वैभव सूर्यवंशी का ध्यान, राजस्थान रॉयल्स अकादमी में कर रहे हैं खास तैयारी

दलीप ट्रॉफी 2026 से पहले रेड-बॉल क्रिकेट पर वैभव सूर्यवंशी का ध्यान, राजस्थान रॉयल्स अकादमी में कर रहे हैं खास तैयारी

अब टेस्ट क्रिकेट में दम दिखाने की तैयारी

Vaibhav Sooryavanshi (Image credit Twitter - X)
Vaibhav Sooryavanshi (Image credit Twitter – X)

महज 15 साल की उम्र में भारतीय क्रिकेट में अपनी पहचान बना चुके वैभव सूर्यवंशी अब रेड-बॉल क्रिकेट में खुद को साबित करने की तैयारी कर रहे हैं। जिम्बाब्वे दौरे से लौटने के बाद उन्होंने अपना पूरा ध्यान लंबे प्रारूप पर लगाया है।

फिलहाल वह नागपुर के पास तालेगांव स्थित राजस्थान रॉयल्स हाई परफॉर्मेंस सेंटर में अभ्यास कर रहे हैं। यहां वह राजस्थान रॉयल्स के सहायक कोच और भारत के पूर्व बल्लेबाजी कोच विक्रम राठौड़ की देखरेख में ट्रेनिंग ले रहे हैं।

शानदार फॉर्म के बाद नई चुनौती

वैभव के लिए पिछला कुछ समय बेहद शानदार रहा है। उन्होंने जिम्बाब्वे दौरे पर शानदार प्रदर्शन करते हुए ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ का पुरस्कार जीता था। इससे पहले वह इंग्लैंड के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू करने वाले सबसे कम उम्र के भारतीय खिलाड़ी भी बने थे।

आईपीएल 2026 में भी उन्होंने सबसे ज्यादा रन बनाकर सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। हालांकि, उन्हें व्हाइट-बॉल विशेषज्ञ माना जाता है, लेकिन वैभव अब यह साबित करना चाहते हैं कि वह टेस्ट क्रिकेट में भी सफल हो सकते हैं।

राजस्थान रॉयल्स का यह 10 दिन का प्री-सीजन कैंप खिलाड़ियों को घरेलू सीजन के लिए पूरी तरह तैयार करने के उद्देश्य से लगाया गया है। यहां तकनीकी सुधार, फिटनेस, रिकवरी, वर्कलोड मैनेजमेंट और प्रदर्शन विश्लेषण पर विशेष काम किया जा रहा है।

हर खिलाड़ी के लिए उसकी जरूरत के अनुसार अलग ट्रेनिंग प्लान तैयार किया गया है। इस कैंप में तुषार देशपांडे, संदीप शर्मा, शुभम दुबे, रवि सिंह और सुशांत मिश्रा जैसे खिलाड़ी भी हिस्सा ले रहे हैं।

दलीप ट्रॉफी में बड़ी जिम्मेदारी

वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी 2026 के लिए ईस्ट ज़ोन टीम का उपकप्तान बनाया गया है, जबकि ईशान किशन टीम की कप्तानी करेंगे। यह टूर्नामेंट 23 अगस्त से बेंगलुरु में शुरू होगा। इतनी कम उम्र में उपकप्तानी की जिम्मेदारी मिलना वैभव के बढ़ते कद को दिखाता है।

राजस्थान रॉयल्स का मानना है कि उनका हाई परफॉर्मेंस सेंटर खिलाड़ियों के पूरे साल विकास पर काम करता है, सिर्फ आईपीएल तक सीमित नहीं रहता। ऐसे में वैभव के लिए यह ट्रेनिंग भविष्य में टेस्ट क्रिकेट और घरेलू क्रिकेट में मजबूत प्रदर्शन करने का बेहतरीन अवसर साबित हो सकती है।

close whatsapp