कौन है ये Saurabh Netravalkar? जिन्होंने T20 World Cup में पाकिस्तानी बल्लेबाजों को दिन में दिखा दिए तारे
Saurabh Netravalkar ने शानदार गेंदबाजी कर USA की जीत में निभाई अहम भूमिका।
अद्यतन - जून 7, 2024 10:41 पूर्वाह्न

डलास के ग्रैंड प्रेयरी स्टेडियम में टी-20 वर्ल्ड कप 2024 में सुपर ओवर मुकाबले में पाकिस्तान को हराने के बाद सौरभ नेत्रवालकर संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएसए) के जीत के हीरो बन गए। नेत्रवालकर ने इस मैच में अपने 4 ओवर के स्पेल में शानदार गेंदबाजी की और इसके बाद सुपर ओवर में भी दमदार प्रदर्शन करते हुए USA की जीत में अहम भूमिका निभाई। बाएं हाथ के तेज गेंदबाज ने दबाव में संयम बनाए रखा और दिखाया कि वह क्या करने में सक्षम हैं।
सौरभ की इस शानदार गेंदबाजी देखने के बाद लोग उनके बारे में जानने के लिए उत्सुक हैं कि ये आखिर सौरभ नेत्रावलकर हैं कौन? यह बात जानकर आपको आश्चर्य होगा कि सौरभ भारत के लिए भी अंडर-19 वर्ल्ड कप खेल चुके हैं। हालांकि, बेहतर मौके के लिए वो अमेरिका चले गए थे।
Who is Saurabh Netravalkar? जिन्होंने पाकिस्तानी बल्लेबाज को दिन में दिखाए तारे
नेत्रवालकर बाएं हाथ के तेज गेंदबाज हैं, जिनका जन्म 16 अक्टूबर 1991 को मुंबई में हुआ था। वो मुंबई के लिए फर्स्ट क्लास क्रिकेट भी खेल चुके हैं और सूर्यकुमार यादव के वो अच्छे दोस्त रहे हैं। उन्होंने 2008-09 कूच बेहार ट्रॉफी में छह मैचों में 30 विकेट लिए थे। इसके बाद उनका चयन 2010 अंडर-19 विश्व कप के लिए भारतीय टीम में हुआ था। विश्व कप से ठीक पहले वह दक्षिण अफ्रीका में त्रिकोणीय सीरीज में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे थे।
इसके बाद न्यूजीलैंड में हुए 2010 अंडर-19 वर्ल्ड कप में सौरभ- केएल राहुल, जयदेव उनादकट और मयंक अग्रवाल के साथ टीम इंडिया का हिस्सा रहे थे। हालांकि, उस अंडर-19 विश्व कप में भारतीय टीम प्लेऑफ राउंड से बाहर हो गई थी। अंडर-19 वर्ल्ड कप 2010 में सौरभ ने छह मैचों में नौ विकेट लिए थे। 25 रन देकर तीन विकेट उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा था। वहीं, उनका इकोनॉमी रेट 3.11 का रहा था।
सौरभ के अलावा बाकी तीन खिलाड़ियों ने तो सीनियर टीम इंडिया में जगह बना ली, लेकिन सौरभ चूक गए। इसके बाद उन्होंने रणजी ट्रॉफी और विजय हजारे ट्रॉफी समेत बाकी भारतीय घरेलू टूर्नामेंट में भी हिस्सा लिया। हालांकि, कुछ बेहतर पाने के लिए वह अमेरिका शिफ्ट हो गए और तब से अमेरिका का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। वह अमेरिकी टीम के कप्तान भी रह चुके हैं।
सौरभ क्रिकेटर के अलवा पेशे से सोफ्टवेयर इंजीनियर हैं। उन्होंने मुंबई के एक यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की और फिलहाल ओरेकल कंपनी में जॉब भी कर रहे हैं। जनवरी 2018 में सौरभ ने अमेरिकी टीम में जगह बनाई। तब वह इस टीम से 2018-19 आईसीसी वर्ल्ड टी-20 क्वालिफायर टूर्नामेंट में खेले थे। अक्टूबर 2018 में ही सौरभ अमेरिकी टीम के कप्तान बन गए। 2019 में उन्होंने पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिकी टीम की कप्तानी की। सौरभ के नाम अमेरिका के लिए टी20 अंतरराष्ट्रीय में पहला फाइव विकेट हॉल लेने का भी रिकॉर्ड है।