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आखिर क्यों इतने खतरनाक गेंदबाज हैं युजवेंद्र चहल, क्यों हर कप्तान देता है इतनी तवज्जो

लेग स्पिन है युजवेंद्र चहल का सबसे घातक हथियार

Yuzvendra Chahal. (Photo Source: Twitter)
Yuzvendra Chahal. (Photo Source: Twitter)

टीम इंडिया के फिरकी गेंदबाज युजवेंद्र चहल को उनकी घातक गेंदबाजी के लिए जाना जाता है। उनकी स्पिन लेती गेंदों पर दुनिया के अच्छे अच्छे बल्लेबाज गच्चा खा जाते हैं और अपना विकेट गंवा देते हैं।

राइट आर्म लेग ब्रेक गूगली फेंकने में माहिर चहल टी20 क्रिकेट में एक ही मैच में 6 विकेट लेने का कारनामा कर चुके हैं। साथ ही वह वनडे क्रिकेट में ऑस्ट्रेलिया में छह विकेट लेने वाले दुनिया के पहले स्पिनर हैं।

ये हैं चहल की गेंदबाजी की विशेषता : चहल की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि वह अपनी गेंदों को अच्छी तरह से फ्लाइट करवाते हैं। साथ ही बल्लेबाजों को शॉट मारने के लिए आमंत्रित भी करते हैं। हालांकि उनकी गेंदों पर शॉट मारना भी इतना आसान नहीं होता। कई बल्लेबाजों ने उनकी गेंदों को सीमा रेखा के पार पहुंचाने के चक्कर में अपने विकेट खो दिए।

हालांकि, उनकी गुगली उतनी नहीं है लेकिन वह अपने कुशल गेंदबाजी एक्शन और सटीक लाइन और लेंथ के साथ बल्लेबाजों को बांधने का प्रयास करते हैं। फ्लीपर भी उनका एक हथियार है।

लेग स्पिन इनका मुख्य हथियार है। राइट हेंडेड बल्लेबाज के लिए गेंद मिडिल और लेग पर टपका खाती है और बाहर को निकलती है। इसकी विड्थ कम होती है और इस वजह से बल्लेबाज न तो इसे कट कर सकता है और न ही स्टेप आउट कर सकता है। स्विप खेलने के चक्कर में कई बार टॉप एज लग जाता है और बल्लेबाज कैच आउट हो जाता है।

क्यों हर कप्तान देता है इतनी तवज्जो : चहल एक ऐसे गेंदबाज है जो स्थिति को देखकर गेंदबाजी करते हैं। वह कप्तान की सलाह और गेम प्लानिंग के अनुसार ही गेंदबाजी करते हैं। विकेटकीपर के साथ उनका समन्वय देखने लायक होता है। विशेषकर जब महेंद्र सिंह धोनी विकेटकीपिंग कर रहे हो तो दोनों में आंखों ही आंखों में इशारा हो जाता है और बल्लेबाज दोनों के जाल में उलझकर रह जाता है। टीम के कप्तान कोहली हो या रोहित शर्मा, चहल का महत्व उतना ही बना रहता है।

चहल का अंतरराष्ट्रीय करियर : चहल ने 40 वनडे खेलते हुए 4.8 की इकोनॉमी से गेंदबाजी करते हुए 71 विकेट हासिल किए हैं। जबकि टी20 क्रिकेट में उन्होंने 29 मैचों में 7.9 की इकोनॉमी से गेंदबाजी है। इस दौरान उन्होंने टीम के लिए 45 विकट हासिल किए हैं।

खलती है चहल की कमी : युजवेंद्र चहल वनडे और टी20 फॉर्मेट में इस समय टीम इंडिया का अनिवार्य अंग है। न्यूजीलैंड के खिलाफ तीसरे और निर्णायक टी20 मैच में टीम इंडिया ने चहल को आराम देकर क्रृणाल पर भरोसा दिखाया। इस मैच में कुलदीप को छोड़कर सभी गेंदबाजों की जमकर पिटाई हुई। भारत यह मैच 4 रनों से हार गया और हार के कारणों में एक चहल को मैच में नहीं खेलाना भी माना गया।

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