IPL 2022: गुजरात टाइटन्स (GT) फाइनल में तो पहुंच गई हैं, पर क्या ट्रॉफी जीत पाएगी? जानिए रवि शास्त्री की राय
क्या कप्तानी की जिम्मेदारी हार्दिक पांड्या की बल्लेबाजी के लिए चमत्कारी साबित हो रही हैं?
अद्यतन - मई 25, 2022 11:23 पूर्वाह्न

गुजरात टाइटन्स (GT) के लिए प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई करने वाली पहली टीम बनने से लेकर पहले फाइनलिस्ट बनने तक का जारी आईपीएल 2022 (IPL 2022) में सफर बहुत ही कमाल का और यादगार रहा, और इसका श्रेय अनुभवहीन कप्तान हार्दिक पांड्या को निश्चित तौर पर दिया जाना चाहिए।
हार्दिक पांड्या ने जिस तरह से बिना किसी कप्तानी के अनुभव के गुजरात टाइटन्स (GT) का आईपीएल 2022 (IPL 2022) में नेतृत्व किया है, वो काबिले तारीफ है, क्योंकि इस सीजन में नई फ्रेंचाइजी पेपर पर मजबूत टीम नहीं थी और ना ही उनकी टीम में ऊंचे तबके के खिलाड़ी थे, इसलिए कईयों को उनके लंबे सफर की उम्मीद नहीं थी।
लेकिन गुजरात टाइटन्स (GT) ने हार्दिक पांड्या की कप्तानी में जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए सभी को गलत साबित कर दिया है। भारतीय ऑलराउंडर न केवल बतौर खिलाड़ी अपने अच्छे प्रदर्शन से लोगों को प्रभावित कर रहे हैं, बल्कि अपनी जबरदस्त कप्तानी से भी लगातार फैंस और क्रिकेट दिग्गजों का दिल जीत रहे हैं।
हार्दिक पांड्या की कप्तानी के मुरीद हुए रवि शास्त्री
गुजरात टाइटन्स (GT) ने 24 मई को आईपीएल 2022 (IPL 2022) के पहले क्वालीफायर में राजस्थान रॉयल्स (RR) को सात विकेट से मात देकर फाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया है, जिसके बाद पूर्व भरतीय कप्तान और कोच रवि शास्त्री ने कप्तान हार्दिक पांड्या की जमकर तरफ की है, और कहा उनमें ट्रॉफी जीतने की प्रबल इच्छा है।
रवि शास्त्री ने स्टार स्पोर्ट्स को बताया: “हार्दिक पांड्या और उनकी टीम में अपने पहले सीजन में आईपीएल ट्रॉफी जीतने की ललक दिखाई दें रही है। चूंकि, गुजरात टाइटन्स (GT) गुजरात से ताल्लुक रखती और फाइनल भी गुजरात (अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम) में है, इसलिए हार्दिक पांड्या ट्रॉफी जीतकर ही मानेगा।”
पूर्व कोच ने आगे कहा: “मुझे लगता है कि हार्दिक पांड्या को अपनी काबिलियत पर बहुत ज्यादा भरोसा है। वह खेल को बहुत अच्छी तरह से पढ़ता है। वह हमेशा शीर्ष क्रम में बल्लेबाजी करना चाहता था, और मुझे लगता है वह नंबर 4 पर बल्लेबाजी के लिए अच्छा विकल्प है। जितना मैंने नोटिस किया है हार्दिक खेल की स्थितियों और परिस्थितियों को बहुत अच्छे से पढ़ता है, और साथ ही वह अपनी भूमिका भी जानता है कि उसे कब और क्या करना है। मुझे लगता है कप्तानी की अतिरिक्त जिम्मेदारी ने उसकी बल्लेबाजी के लिए चमत्कार किया है।”