जय शाह, रोजर बिन्नी और सेलेक्टर्स को ईशान किशन से बात करने की जरूरत है- सौरव गांगुली
काफी समय से टीम इंडिया से बाहर चल रहे हैं सौरव गांगुली।
अद्यतन - मार्च 2, 2024 5:11 अपराह्न

ईशान किशन और श्रेयस अय्यर अपनी-अपनी टीमों के लिए रणजी ट्रॉफी मैच छोड़ने का फैसला करने के बाद हाल के दिनों में काफी सुर्ख़ियों में रहे हैं। दरअसल बीसीसीआई ने इन दोनों प्लेयर्स को अपने-अपने स्टेट के लिए रणजी ट्रॉफी खेलने के लिए कहा था लेकिन उसके बावजूद दोनों ने घरेलू टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं लिया। उसके बाद में इन दोनों को बीसीसीआई के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट से बाहर कर दिया गया।
भारत के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने कहा कि बीसीसीआई सचिव जय शाह, अध्यक्ष रोजर बिन्नी और राष्ट्रीय टीम के चयनकर्ताओं को किशन से बात करनी चाहिए। गांगुली जो दिल्ली कैपिटल्स के क्रिकेट निदेशक हैं, उन्होंने कहा कि DC में चुने गए सभी खिलाड़ियों ने भारत के तीन प्रमुख घरेलू टूर्नामेंट – रणजी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भाग लिया है। उन्होंने बताया कि सीनियर प्लेयर इशांत शर्मा ने भी इस साल रणजी ट्रॉफी खेली है।
ईशान के साथ BCCI अधिकारीयों को बात करने की जरूरत है- सौरव गांगुली
गांगुली ने कहा कि इस मामले को संजीदा तरीके से निपटने की जरूरत है और ईशान के साथ अब उन्हें बात करनी चाहिए। दिल्ली कैपिटल्स में चुने गए सभी खिलाड़ियों ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी और रणजी ट्रॉफी खेली है। यहां तक कि इशांत शर्मा ने भी रणजी खेला है।
कार्यभार प्रबंधन के बारे में बोलते हुए गांगुली ने कहा कि केवल तेज गेंदबाजों को ही अपने कार्यभार को प्रबंधित करने की आवश्यकता है, बल्लेबाजों को कार्यभार प्रबंधन की आवश्यकता क्यों है? मैं समझ सकता हूं कि बुमराह को आराम दिया गया, जिमी एंडरसन ने 160 से अधिक टेस्ट खेले हैं। आप अपने करियर की शुरुआत में किस कार्यभार के बारे में बात कर रहे हैं? मैं अब भी इस बात पर कायम हूं कि भारतीय क्रिकेट का स्तर शानदार है।