‘स्पिन के खिलाफ किसी भारतीय बल्लेबाज को इतना संघर्ष करते देख हैरानी हुई’ तिलक वर्मा पर भड़के मोहम्मद कैफ
इंग्लैंड सीरीज में लगातार खराब प्रदर्शन के बाद पूर्व क्रिकेटर ने बताई सबसे बड़ी कमजोरी
अद्यतन - जुलाई 9, 2026 4:02 अपराह्न

भारत के पूर्व बल्लेबाज मोहम्मद कैफ ने इंग्लैंड के खिलाफ जारी टी20 सीरीज में तिलक वर्मा के प्रदर्शन पर चिंता जताई है। उनका मानना है कि तिलक को सबसे ज्यादा सुधार स्पिन गेंदबाजी के खिलाफ करना होगा। कैफ ने कहा कि एक भारतीय बल्लेबाज का स्पिन के सामने इस तरह संघर्ष करना, हैरान करने वाला है।
इंग्लैंड दौरे से पहले तिलक वर्मा को भारतीय टी20 टीम का उपकप्तान बनाया गया था, लेकिन अब तक तीन मैचों में वह सिर्फ 37 रन ही बना सके हैं। उनकी खराब फॉर्म टीम के लिए भी चिंता का कारण बन गई है।
मोहम्मद कैफ ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा कि तिलक वर्मा सिर्फ बड़े शॉट लगाने में ही नहीं, बल्कि स्पिनरों के खिलाफ सिंगल और डबल लेने में भी संघर्ष कर रहे हैं। उनके अनुसार, जब बल्लेबाज स्ट्राइक रोटेट नहीं कर पाता तो डॉट गेंदों का दबाव बढ़ जाता है और फिर वह जल्दबाजी में बड़ा शॉट खेलने की कोशिश करता है, जिससे विकेट गंवा देता है।
तीसरे टी20 मुकाबले में भी तिलक 11 गेंदों में सिर्फ 3 रन बनाकर विल जैक्स की ऑफ स्पिन पर स्टंप आउट हो गए थे। कैफ का मानना है कि यही कमजोरी बार-बार उनके आउट होने की वजह बन रही है।
मिडिल ओवरों की बल्लेबाजी पर उठे सवाल
कैफ ने कहा कि तिलक अक्सर मिडिल ओवरों में स्पिनरों के खिलाफ रन नहीं बना पाते और बाद में तेज गेंदबाजों पर बड़े शॉट खेलकर अपनी पारी संभालने की कोशिश करते हैं। हालांकि, यह रणनीति हर बार सफल नहीं हो सकती।
उन्होंने कहा कि अगर बल्लेबाज 20 गेंदों में सिर्फ 20 रन बनाता है और फिर आउट हो जाता है, तो इससे टीम पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। टी20 क्रिकेट में मिडिल ओवरों में स्पिन के खिलाफ रन बनाना बेहद जरूरी होता है।
कैफ ने साफ कहा कि अगर तिलक वर्मा ने जल्द ही स्पिन गेंदबाजी के खिलाफ अपने खेल में सुधार नहीं किया, तो भविष्य में उनकी टीम में जगह भी खतरे में पड़ सकती है। उनके मुताबिक आधुनिक टी20 क्रिकेट में सिर्फ तेज गेंदबाजों के खिलाफ रन बनाना काफी नहीं है।
फिलहाल भारत इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज में शुरुआती तीन मुकाबलों में से दो हार चुका है। अब चौथा टी20 मुकाबला 9 जुलाई को ब्रिस्टल के काउंटी ग्राउंड में खेला जाएगा, जहां भारतीय टीम के साथ-साथ तिलक वर्मा पर भी बेहतर प्रदर्शन करने का दबाव रहेगा।