मोईन अली के सपोर्ट में उतरे हरभजन सिंह, कहा- मुझे समझ नहीं आता कि SPRAY को लेकर इतनी बहस…..
ICC आचार संहिता के लेवेल 1 के उल्लंघन के लिए मोइन अली को उनकी मैच फीस पर 25% जुर्माना लगाया गया।
अद्यतन - जून 21, 2023 1:45 अपराह्न

ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच खेले गए एशेज सीरीज के पहले टेस्ट मैच में ऑस्ट्रेलिया ने इंग्लैंड को 2 विकेट से हराया। बता दें बैजबॉल तरीका अपनाते हुए दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की टीम का प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा। वहीं ऑस्ट्रलिया ने शानदार प्रदर्शन कर इस मुकाबले को अपने नाम कर लिया। साथ ही इंग्लैंड को हराकर पांच मैचों की इस सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने 1-0 की बढ़त बना ली है।
हालांकि इस बीच इंग्लैंड के खिलाड़ी मोईन अली को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चे काफी तेज हैं। दरअसल इस मुकाबले में उन्हें अपने हाथों पर स्प्रे इस्तेमाल करते हुए देखा गया। मोईन अली ने इस टेस्ट में काफी गेंदबाजी की और महत्वपूर्ण विकेट भी चटकाए। हालांकि वहीं ज्यादा गेंदबाजी करने के कारण उनकी उंगली में छाले भी पड़ गए। जिसके बाद उन्होंने दर्द को कम करने के लिए एक स्प्रे का इस्तेमाल किया।
लेकिन मोइन अली द्वारा इस्तेमाल किए गए इस स्प्रे ने एक नया विवाद खड़ा कर दिया है। दरअसल ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी के 89वें ओवर में मोइन अली बाउंड्री के पास अपने हाथ पर स्प्रे लगाते नजर आए। जिसके बाद ICC आचार संहिता के लेवेल 1 के उल्लंघन के लिए मोइन अली को उनकी मैच फीस पर 25% जुर्माना लगाया गया।
इस बात को लेकर इतनी बकवास क्यों हो रही है- हरभजन सिंह
इतना ही नहीं मोइन अली को एक डिमेरिट अंक भी मिला। अब वहीं मोइन अली के स्प्रे विवाद पर भारतीय टीम के पूर्व खिलाड़ी हरभजन सिंह ने प्रतिक्रिया दी है और उनका समर्थन भी किया है। बता दें भज्जी ने अपने सोशल मीडिया के जरिए ट्वीट कर लिखा कि, ‘मुझे समझ नहीं आता कि मोईन अली ने दर्द को कम करने के लिए उंगलियों पर स्प्रे किया तो इस बात को लेकर इतनी बकवास क्यों हो रही है?’
Don’t understand so much chatter around Moen Ali using spray on spinning fingers to numb the pain. Only issue is he should have informed the umpires, but if batsman gets a blister under the gloves, and he gets a spray. Will anyone even notice. Same logic, think about it ?…
— Harbhajan Turbanator (@harbhajan_singh) June 20, 2023
उन्होंने आगे लिखा कि, समस्या सिर्फ इतनी है कि उन्हें अंपायरों को सूचित करना चाहिए था, लेकिन अगर बल्लेबाज को दस्ताने के नीचे छाला हो जाता है तो उन्हें स्प्रे मिलता है। क्या कोई भी इसे नोटिस करता है। सेम लॉजिक, जरा सोचिए।