सेंचुरियन टेस्ट मैच में 5 विकेट हासिल करने के बाद मोहम्मद शमी ने जानिए अपने दिवंगत पिता को क्यों किया याद - क्रिकट्रैकर हिंदी

सेंचुरियन टेस्ट मैच में 5 विकेट हासिल करने के बाद मोहम्मद शमी ने जानिए अपने दिवंगत पिता को क्यों किया याद

मोहम्मद शमी की शानदार गेंदबाजी के चलते भारतीय टीम को साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहली पारी में 130 रनों की बड़ी बढ़त हासिल हुई।

Mohammed Shami. (Photo by CHRISTIAAN KOTZE/AFP via Getty Images)
Mohammed Shami. (Photo by CHRISTIAAN KOTZE/AFP via Getty Images)

साउथ अफ्रीका और भारत के बीच में 3 मैचों की टेस्ट सीरीज का पहला मैच सेंचुरियन के मैदान में 26 दिसंबर से खेला जा रहा है। जिसमें खेल का तीसरा दिन पूरी तरह से भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी के नाम रहा। जिन्होंने 16 ओवरों की अपनी गेंदबाजी के दौरान 44 रन दिए और आधी अफ्रीकी टीम को अपना शिकार बनाया। जिसकी बदौलत जहां मेजबान टीम की पहली पारी 197 रनों पर सिमट गई वहीं भारतीय टीम को 130 रनों की बड़ी बढ़त हासिल हुई।

तीसरे दिन अपनी शानदार गेंदबाजी के दम पर भारतीय टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाने के बाद मोहम्मद शमी ने अपने इस शानदार प्रदर्शन का श्रेय दिवंगत पिता को दिया। जिनकी बदौलत वह आज इस मुकाम पर पहुंचने में कामयाब हो सके हैं।

मोहम्मद शमी ने पिता को याद

मोहम्मद शमी ने पहले टेस्ट मैच के तीसरे दिन का खेल समाप्त होने के बाद प्रेस वार्ता के दौरान अपनी शानदार गेंदबाजी प्रदर्शन को लेकर बात करते हुए दिवंगत पिता को याद किया और कहा कि, आज मैं इस समय जिस भी मुकाम पर हूं उसमें मेरे पिता का काफी बड़ा योगदान रहा है। क्योंकि मैं ऐसी जगह से आता हूं जहां पर सुविधाओं काफी आभाव होता था। किसी भी मैच में 5 विकेट हासिल करना आसान काम नहीं होता है, इसके लिए आपको काफी कड़ी मेहनत करनी होती है।

जसप्रीत बुमराह ने अफ्रीकी टीम को पहला झटका पहले ही ओवर में कप्तान डीन एल्गर को पवेलियन भेजते हुए दिया। जिसके बाद यहां से आगे का मोर्चा मोहम्मद शमी ने संभाल लिया। जिन्होंने तीसरे दिन के खेल के दूसरे सत्र की शुरुआत होने के साथ पहले कीगन पीटरसन और उसके बाद एडिन मार्करम को पवेलियन भेजा।

वहीं शमी ने दिन के आखिरी सत्र में वियान मल्डर के अलावा कगिसो रबाडा का विकेट लेने के साथ पारी में 5 विकेट हासिल करने का कारनामा भी पूरा किया। वहीं इस टेस्ट मैच में शमी ने अपने 200 विकेट भी पूरे किए। भारतीय टीम ने तीसरे दिन का खेल समाप्त होने के समय अपनी बढ़त को 146 रन कर दिया था। जिसके बाद अब उसका इरादा मेजबान टीम को 300 से अधिक रनों का लक्ष्य देने पर है।