रणजी ट्राॅफी 2025-26: जम्मू-कश्मीर ने रचा इतिहास, एमपी को हराकर की सेमीफाइनल में एंट्री
आकिब नबी की घातक गेंदबाजी से मध्य प्रदेश पर जीत, जम्मू-कश्मीर पहली बार रणजी सेमीफाइनल में
अद्यतन - Feb 9, 2026 7:33 pm

रणजी ट्रॉफी के इतिहास में जम्मू-कश्मीर की टीम ने एक नया और यादगार अध्याय जोड़ दिया है। क्वार्टर फाइनल मुकाबले में जम्मू-कश्मीर ने मजबूत मानी जा रही मध्य प्रदेश की टीम को हराकर पहली बार सेमीफाइनल में जगह बना ली। यह मुकाबला इंदौर के होलकर स्टेडियम में खेला गया, जहां जम्मू-कश्मीर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 56 रनों से जीत दर्ज की।
इस ऐतिहासिक जीत के सबसे बड़े नायक तेज गेंदबाज आकिब नबी रहे। उन्होंने पूरे मैच में घातक गेंदबाजी करते हुए कुल 12 विकेट अपने नाम किए। पहली पारी में आकिब नबी ने 7 विकेट लेकर मध्य प्रदेश की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। दूसरी पारी में भी उन्होंने शानदार लय बरकरार रखी और 5 अहम विकेट झटके। उनकी गेंदबाजी के सामने मध्य प्रदेश के बल्लेबाज टिक नहीं पाए।
आकिब नबी की अगुवाई में गेंदबाजों का कमाल
मैच में मध्य प्रदेश को जीत के लिए 291 रनों का लक्ष्य मिला था, लेकिन जम्मू-कश्मीर के गेंदबाजों ने लगातार दबाव बनाए रखा। पूरी टीम ने मिलकर बेहतरीन गेंदबाजी और फील्डिंग का प्रदर्शन किया, जिसके चलते मध्य प्रदेश की टीम 234 रन पर ही सिमट गई। इस तरह जम्मू-कश्मीर ने मुकाबला अपने नाम कर लिया।
हालांकि बल्लेबाजी में जम्मू-कश्मीर की शुरुआत बहुत बड़ी नहीं रही, लेकिन गेंदबाजों ने इस कमी को पूरी तरह ढक दिया। आकिब नबी के अलावा अन्य गेंदबाजों ने भी अनुशासित लाइन-लेंथ से गेंदबाजी की और विपक्षी टीम को वापसी का मौका नहीं दिया।
यह जीत इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि मध्य प्रदेश पहले रणजी ट्रॉफी की चैंपियन रह चुकी है। ऐसी मजबूत टीम को नॉकआउट मुकाबले में हराना जम्मू-कश्मीर क्रिकेट की बढ़ती ताकत को दिखाता है।
मैच के बाद आकिब नबी को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। उनकी इस शानदार गेंदबाजी ने उन्हें घरेलू क्रिकेट में एक नई पहचान दिलाई है। अब सेमीफाइनल में पहुंचकर जम्मू-कश्मीर की टीम का आत्मविश्वास काफी बढ़ गया है और टीम को आगे भी अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। जम्मू-कश्मीर की यह जीत मेहनत, टीमवर्क और आत्मविश्वास का बेहतरीन उदाहरण है, जो लंबे समय तक याद रखी जाएगी।