अगर बल्लेबाजों को बड़ा स्कोर बनाने से रोकना है तो गेंदबाजों को लगातार अंतराल में विकेट लेने होंगे: हरभजन सिंह
हरभजन सिंह का मानना है कि अगर बल्लेबाजों को आधुनिक क्रिकेट में बड़ा स्कोर बनाने से रोकना है तो गेंदबाजों को लगातार अंतराल में विकेट लेना बेहद जरूरी है।
अद्यतन - May 20, 2024 5:27 pm

भारत के पूर्व स्पिनर हरभजन सिंह का मानना है कि अगर बल्लेबाजों को आधुनिक क्रिकेट में बड़ा स्कोर बनाने से रोकना है तो गेंदबाजों को लगातार अंतराल में विकेट लेना बेहद जरूरी है। इससे विरोधी टीम के खिलाड़ियों के ऊपर दबाव बनेगा और वो तेजी से रन नहीं बना पाएंगे।
बता दें, हरभजन सिंह ने भारत के लिए 103 टेस्ट, 236 वनडे और 28 टी20 मैच खेले हैं। इंडियन प्रीमियर लीग 2024 में ऐसा देखा गया कि कई टीमों ने इस सीजन में 200 रनों का आंकड़ा कई बार पार किया। यही नहीं इस सीजन में गेंदबाजों का प्रदर्शन इतना अच्छा नहीं रहा। हरभजन सिंह ने यह बयान ‘180 नॉट आउट’ पॉडकास्ट के पांचवें एपिसोड में दिया।
हरभजन सिंह ने कहा कि, ‘मेरा यह मानना है कि कोई भी गेंदबाज जो कहे कि मैं रन रोक लूंगा वो रन नहीं रोक सकता। चाहे वो लासिथ मलिंगा हो या दुनिया का कोई भी सर्वश्रेष्ठ टी20 गेंदबाज। जसप्रीत बुमराह भी आधुनिक युग में क्रिकेट खेलते हैं। जब आप विकेट लेते हो ना तभी ब्रेक लगती है। विकेट लेने के लिए अच्छी गेंदबाजी करनी जरूरी है।
कला के साथ आप विकेट ले सकते हो। यह नहीं कि तुक्के के साथ आपने एक विकेट ले लिया फुलटोस गेंद पर और फिर से आप वही गेंद फेंक रहे है। ऐसा बार-बार नहीं होगा। हो सकता है अगली फुलटॉस पर आपको 6 रन पड़ जाए। इकोनॉमी रेट तभी ठीक होगी जब आप विकेट लेने के लिए देखोगे।’
विकेट लेने से आप अपना काम भी कर रहे हो और टीम का भी: हरभजन सिंह
हरभजन सिंह ने आगे कहा कि, ‘विकेट लेने से आप अपना काम भी कर रहे हो और अपनी टीम को भी आगे बढ़ा रहे हो। यही मानसिकता होनी चाहिए फिर चाहे आप कोई भी प्रारूप में क्रिकेट खेले। आपको विकेट लेने के बारे में सोचना चाहिए फिर चाहे उसमें जितने भी ज्यादा रन चले जाए। 10-12 रन लेकिन अगर आपने दो या तीन विकेट ले लिए तो आपने अपना काम कर लिया और यही मानसिकता होनी चाहिए।’
इस पॉडकास्ट में गौतम गंभीर भी थे और उन्होंने कहा कि, ‘वनडे में दो नई गेंद मिलती हैं और यह बिल्कुल भी सही बात नहीं है। ऐसे भी गेंदबाज हैं जिन्होंने फिंगर स्पिनर के रूप में 400 विकेट लिए हैं जिसमें से रविचंद्रन अश्विन और नाथन लियोन सबसे अच्छे उदाहरण हैं लेकिन यह वनडे टीम के भाग नहीं है और इसी वजह से फिंगर स्पिनर काफी कम है।
ऐसे खिलाड़ी जो टेस्ट में 400 विकेट ले रहे हैं लेकिन वनडे क्रिकेट में भाग नहीं ले रहे हैं यह बहुत ही गलत बात है। मेरे हिसाब से वनडे में दो नई गेंद का नियम बदल देना चाहिए और एक ही गेंद से क्रिकेट खेलना चाहिए।’