ग्लेन मैक्ग्रा ने 2005 एशेज सीरीज के दौरान लगी फेमस चोट के पीछे की कहानी का खुलासा किया
ऑस्ट्रेलिया ने 2005 एशेज सीरीज इंग्लैंड के खिलाफ 2-1 से गंवा दी थी।
अद्यतन - अप्रैल 27, 2023 7:21 अपराह्न

पूर्व ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज ग्लेन मैक्ग्रा ने 2005 की एशेज सीरीज के दूसरे टेस्ट के कुछ ही घंटो पहले एजबेस्टन आउटफील्ड पर पड़ी क्रिकेट की गेंद पर अपना कदम क्या रखा, वह चोटिल हो गए, और यह किस्सा प्रतिष्ठित टेस्ट सीरीज के इतिहास के पन्नों में जुड़ गया।
हाल ही में, महान तेज गेंदबाज ने खुलासा किया कि वह रग्बी गेंद को उठाने की कोशिश करते हुए गलती से एजबेस्टन आउटफील्ड पर वार्म-अप के लिए रखी गई क्रिकेट गेंद पर चढ़ गए थे, जिसे उन्होंने देखा नहीं था, नतीजन टखने की चोट के कारण वह दूसरे टेस्ट से चूक गए।
आपको बता दें, मैक्ग्रा ने लॉर्ड्स में खेले गए पहले टेस्ट में नौ विकेट लेकर इंग्लैंड को 239 रनों से हराने में ऑस्ट्रेलिया की मदद की थी। जिसके बाद ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज को 2005 एशेज सीरीज के दौरान कोहनी की समस्या का भी सामना करना पड़ा और उनकी टीम ने यह एशेज सीरीज इंग्लैंड के खिलाफ 2-1 से गंवा दी।
क्रिकेटरों के लिए रूटीन बहुत जरूरी है: ग्लेन मैकग्राथ
ग्लेन मैकग्राथ ने बीबीसी स्पोर्ट के हवाले से कहा: ‘हमने पिच को देखा और हम चारों ओर खड़े होकर बातें कर रहे थे। ब्रैड हैडिन ने रग्बी लीग की एक गेंद उठाई और हम उसे आगे-पीछे कर रहे थे। उसने बेहद बकवास तरीके से उस रग्बी गेंद को फेंका, जो आधे रास्ते में उछल गई और जमीन पर लुढ़क गई। मैं गेंद को लेने के लिए मुड़ा, लेकिन जो मैंने नहीं देखा वह क्रिकेट की गेंदें थीं, जो वार्म-अप शुरू करने के लिए बाहर रखी गई थीं।
मेरा पहला कदम गेंद पर था। मुझे अभी भी याद नहीं है कि मैंने उन गेंदों को देखा था या नहीं, लेकिन मुझे वो महसूस जरूर हुई थी, जो मुझे अब तक याद है। अगर हम सामान्य रूटीन के साथ बने रहते तो क्या वो घटना घटती? क्रिकेटरों के लिए रूटीन बहुत जरूरी है, मेरे लिए रूटीन बहुत जरूरी है, लेकिन उस मैच से पहले हमने अपना रूटीन बदल लिया था। उस घटना के बाद मेरे लिए स्टैंड में बैठकर मैच देखना बहुत कठिन था।
मुझे इस बात का अफसोस नहीं हो रहा था कि हमने मैच गंवा दिया था, लेकिन मुझे हमेशा आश्चर्य होता है कि मेरे होने से हमारी टीम पर क्या सकारात्मक प्रभाव पड़ सकता था। शायद मेरी गेंदबाजी से उतना प्रभाव नहीं पड़ता जितना केवल मेरे प्लेइंग इलेवन में होने मात्र से इंग्लैंड टीम की मानसिकता पर पड़ता। अचानक, मैं नहीं खेल रहा था। मैंने लॉर्ड्स में अच्छी गेंदबाजी की थी, फिर मैं आउट हो गया, जो विपक्षी टीम के कॉन्फिडेंस के लिए अच्छा था।’