‘रिवर्स स्विंग सिर्फ यूट्यूब पर याद बनकर रह जाएगी’ – मुनाफ पटेल ने भारत की तेज गेंदबाजी को लेकर जताई चिंता
मुनाफ पटेल ने भारतीय क्रिकेट में तेज गेंदबाजी के गिरते स्तर पर गहरी चिंता जताई है, और चेतावनी दी है कि 'रिवर्स स्विंग' की आर्ट जल्द ही इतिहास बनकर रह सकती है।
अद्यतन - Apr 16, 2026 10:38 am

भारत के पूर्व तेज गेंदबाज मुनाफ पटेल ने भारतीय क्रिकेट में तेज गेंदबाजी के गिरते स्तर पर गहरी चिंता जताई है, और चेतावनी दी है कि ‘रिवर्स स्विंग’ की आर्ट जल्द ही इतिहास बनकर रह सकती है।
‘द टाइम्स ऑफ इंडिया’ के अनुसार, पूर्व क्रिकेटर ने ‘बॉम्बे स्पोर्ट एक्सचेंज’ पर कहा, “यह इस बात पर निर्भर करता है कि फैसले कौन ले रहा है। अगर आपके पास सही लोग – यानी क्रिकेटर – हैं, तो वे यह समझेंगे कि लार के इस्तेमाल की अनुमति होनी चाहिए। लेकिन जब आप जिम्मेदारी पदाधिकारियों को सौंप देते हैं, तो उन्हें इस बारे में कुछ पता ही नहीं होता।”
मुनाफ ने समझाया कि रिवर्स स्विंग पैदा करने के मामले में, पसीना अकेले सलाइवा जैसा असर नहीं दिखा सकता। उन्होंने इसके पीछे के विज्ञान के बारे में विस्तार से बताया और सलाइवा को गाढ़ा करने में शुगर की भूमिका पर जोर दिया।
आने वाले पांच छे साल में तो रिवर्स स्विंग भूल भी जाएंगे: मुनाफ
उन्होंने आगे कहा, “पानी से नहीं आता है। वो सलाइवा में जो अगर कोई च्यूइंग गम खाते हों या कोई जेली खाते हों तो उससे थोड़ा मोटा हो जाता है, शुगर की वजह से।” मुनाफ ने समझाया। मुनाफ ने कहा, “आने वाले पांच छे साल में तो रिवर्स स्विंग भूल भी जाएंगे। वो देखेंगे सिर्फ यूट्यूब में।”
हालांकि, मुनाफ पटेल के अनुसार, सलाइवा पर प्रतिबंध एक बड़ी समस्या का महज एक हिस्सा है। मुनाफ ने बताया कि फ्रेंचाइजी क्रिकेट, विशेष रूप से इंडियन प्रीमियर लीग, के बढ़ते दबदबे ने ध्यान लगभग पूरी तरह से ‘व्हाइट-बॉल’ फॉर्मेट पर केंद्रित कर दिया है, जिससे घरेलू स्तर पर ‘रेड-बॉल’ क्रिकेट की उपेक्षा हो रही है।
उन्होंने भारत के लिए तीनों फॉर्मेट में खेला, जिसमें 13 टेस्ट, 70 वनडे और 3 टी20आई शामिल हैं। सबसे लंबे फॉर्मेट में, मुनाफ ने 13 मैचों में 35 विकेट लिए। हालांकि, वनडे में उनका प्रभाव ज्यादा रहा, जहां उन्होंने 70 मैचों में 86 विकेट चटकाए। मुनाफ आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप 2011 में भारत की ऐतिहासिक जीत का भी एक अहम हिस्सा थे।