BAN vs IND: चेतेश्वर पुजारा को काफी बुरा लगा होगा कि वो एक बेहतरीन शतक जड़ने से चूक गए: वसीम जाफर
14 दिसंबर से बांग्लादेश और भारत के बीच चट्टोग्राम में पहला टेस्ट मुकाबला शुरू हो चुका है।
अद्यतन - दिसम्बर 15, 2022 9:21 पूर्वाह्न

14 दिसंबर से बांग्लादेश और भारत के बीच चट्टोग्राम में पहला टेस्ट मुकाबला शुरू हो चुका है। बता दें, तीन मुकाबलों की वनडे सीरीज को गंवाने के बाद भारतीय टीम इस टेस्ट सीरीज को अपने नाम करना चाहेगी।
पहले टेस्ट की बात की जाए तो भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। अंगूठे में लगी चोट की वजह से रोहित शर्मा इस टेस्ट मैच में नहीं खेल रहे है और उनकी जगह केएल राहुल को टीम का कप्तान नियुक्त किया गया है। पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में चेतेश्वर पुजारा ने काफी शानदार बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम को खराब स्थिति से बाहर निकाला।
भारतीय टीम की शुरुआत काफी खराब रही और उन्होंने मात्र 48 रन पर तीन विकेट गंवा दिए। केएल राहुल ने 22 रन बनाए जबकि शुभमन गिल 20 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। अनुभवी बल्लेबाज विराट कोहली भी बेहतरीन प्रदर्शन करने में नाकाम रहे और 1 रन पर आउट हो गए। हालांकि इसके बाद चेतेश्वर पुजारा और ऋषभ पंत ने चौथे विकेट के लिए 64 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी की।
ऋषभ पंत ने पहले टेस्ट की पहली पारी में 45 गेंदों में छह चौके और दो छक्कों की मदद से 46 रन बनाए। हालांकि चेतेश्वर पुजारा की बल्लेबाजी ने सबका मन मोह लिया। पुजारा ने पहली पारी में 203 गेंदों में 11 चौकों की मदद से 90 रन की शानदार पारी खेली। वो मात्र 10 रन से अपने शतक से चूक गए। पुजारा के 90 रन और श्रेयस अय्यर के 82* रन की बदौलत भारतीय टीम ने पहले दिन का खेल खत्म होने तक 90 ओवर में 6 विकेट खोकर 278 रन बना लिए हैं। चेतेश्वर पुजारा की इस बल्लेबाजी की पूर्व खिलाड़ी वसीम जाफर ने जमकर तारीफ की।
चेतेश्वर पुजारा एक बेहतरीन शतक जड़ने से चूक गए: वसीम जाफर
वसीम जाफर की मानें तो चेतेश्वर पुजारा ने अपनी पूरी ताकत से बेहतरीन पारी खेली और टीम के ऊपर से दबाव को पूरी तरह से हटा दिया। जाफर के मुताबिक पुजारा इस बात से काफी बुरा लगा होगा कि वो एक शानदार शतक बनाने से चूक गए।
वसीम जाफर ने पहले दिन का खेल खत्म होने के बाद ESPNक्रिकइंफो की एक वीडियो में कहा कि, ‘चेतेश्वर पुजारा को पता है कि किस समय कैसी पारी खेली चाहिए और इसीलिए उन्हें काफी बेहतरीन बल्लेबाजों में गिना जाता है। एक छोर से विकेट गिर रहे थे और दूसरे छोर से पुजारा बेहतरीन शॉट खेल रहे थे और अपने ऊपर से दबाव हटा रहे थे। वो अपना समय लेकर और खराब गेंदों को बाउंड्री के पार भेज रहे थे। उन्हें इस बात से काफी बुरा लगा होगा कि वो एक बेहतरीन शतक बनाने से चूक गए।’
जाफर ने आगे कहा कि, ‘इन सब के ऊपर चेतेश्वर पुजारा लगातार टेस्ट मुकाबले नहीं खेल रहे हैं। वो थोड़ा बहुत काउंटी और सौराष्ट्र के लिए के लिए खेल रहे हैं। लेकिन उन्होंने आकर ही अपना खेल खेलना शुरू कर दिया। उन्होंने स्पिनरों को भी काफी अच्छी तरह से खेला और उनकी बल्लेबाजी की तारीफ तमाम लोग कर रहे हैं।’