BAN W vs IND W: हरमनप्रीत कौर के LBW आउट पर स्मृति मंधाना का बड़ा बयान, कहा- ICC और BCCI को इस पर….
बांग्लादेश महिला और भारतीय महिला टीम के बीच वनडे सीरीज 1-1 की बराबरी पर खत्म हुई।
अद्यतन - Jul 23, 2023 1:04 am

बांग्लादेश महिला और भारतीय महिला टीम के बीच खेला गया तीसरा वनडे मैच टाई पर समाप्त हुआ। इसी के साथ दोनों टीमों के बीच सीरीज 1-1 की बराबरी पर खत्म हुई। बांग्लादेश ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 225 रन बोर्ड पर लगाए थे। 226 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय महिला टीम 49.3 ओवरों में 225 रनों पर ऑलआउट हो गई। स्मृति मंधाना का मानना है कि सीरीज को एक अच्छे रूप में खत्म करने के लिए सुपरओवर होना चाहिए था। मैच के बाद हरमनप्रीत का LBW आउट इस वक्त सुर्खियां बटोर रहा है, अब इस को लेकर स्मृति मंधाना ने बड़ा बयान दिया है।
हमने पहले भी ऐसी घटनाएं देखी हैं- स्मृति मंधाना
कप्तान हरमनप्रीत कौर को अंपायर ने पारी के 34वें ओवर में पगबाधा आउट करार दिया। जिसके बाद हरमनप्रीत मैदान में गुस्सा जाहिर करते हुए नजर आई थी। हरमनप्रीत कौर ने अपने बल्ले से स्टंप को हिट कर दिया था। स्मृति मंधाना का कहना है कि पहले भी खेलों में ऐसा हुआ है। स्मृति मंधाना ने क्रिकबज पर बात करते हुए कहा, ‘बीच में जो हुआ वह खेल का अभिन्न अंग है। हमने पहले भी ऐसी घटनाएं देखी हैं जब हम पुरुष क्रिकेट देखते हैं।’
अंपायरिंग फैसलों को लेकर स्मृति मंधाना का कहना है कि भविष्य में भारत-बांग्लादेश सीरीज में न्यूट्रल अंपायरों को शामिल करना चाहिए। खासकर क्योंकि इस सीरीज के दौरान DRS उपलब्ध नहीं था। स्मृति मंधाना ने कहा, ‘मुझे लगता है कि किसी भी मैच में, कभी-कभी ऐसा होता है कि आप वास्तव में इस तरह के (फैसलों) से खुश नहीं होते हैं।’
स्मृति ने आगे कहा, ‘विशेष रूप से जब मैच में कोई DRS नहीं होता है, तो मैं इसे कुछ फैसलों के संदर्भ में अंपायरिंग के बेहतर स्तर में कहूंगी क्योंकि यह बहुत स्पष्ट था, जब गेंद पैड से टकरा रही थी, जब हमारे बल्लेबाज बल्लेबाजी कर रहे थे, तब एक बार भी विचार नहीं किया गया।’
ICC, BCB और BCCI चर्चा करेंगे- स्मृति मंधाना
वहीं मंधाना का यह भी मानना है कि, उस तरह का फैसला लेना ICC और अंपायरिंग पैनल पर निर्भर था। ‘लेकिन हां, मुझे लगता है कि यह सब एक अभिन्न अंग है, और हम हर चीज को अपने हिसाब से लेंगे। वह (हरमनप्रीत कौर) हर चीज के बारे में थोड़ा सकारात्मक होने की कोशिश कर रही है और मुझे यकीन है कि ICC, BCB और BCCI निश्चित रूप से इस पर अधिक चर्चा करेंगे।’